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आदित्यपुर कृषि विज्ञान केंद्र में 24 घंटे के भीतर मिले दो मजदूरों के शव, पुलिस की जांच पर उठे सवाल

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सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर स्थित कृषि विज्ञान केंद्र परिसर में 24 घंटे के भीतर दो मजदूरों के शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई है। मंगलवार को खेत से रथू महतो का शव बरामद हुआ था, जबकि बुधवार सुबह परिसर के तालाब से किशनदेव सहनी का शव मिला। लगातार दो शव मिलने के बाद पुलिस की जांच और परिसर की तलाशी को लेकर सवाल उठने लगे हैं। परिजनों के अनुसार, किशनदेव पिछले तीन दिनों से लापता था और इसकी सूचना पहले ही आदित्यपुर थाने को दी गई थी।

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किशनदेव सहनी गम्हरिया ब्लॉक के समीप रोहतास कॉलोनी में किराये के मकान में रहता था और आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र की एक निजी कंपनी में मजदूरी करता था। उसकी पत्नी के मुताबिक, किशनदेव की किसी से दुश्मनी नहीं थी। ऐसे में उसकी मौत किन परिस्थितियों में हुई, यह जांच का विषय है। परिजनों का सवाल है कि गुमशुदगी की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने उसकी तलाश के लिए क्या कदम उठाए थे।

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गौरतलब है कि मंगलवार को कृषि विज्ञान केंद्र परिसर के खेत से मजदूर रथू महतो का शव बरामद किया गया था। उसके परिजनों ने हत्या की आशंका जताई थी। सूचना मिलने पर आदित्यपुर थाना प्रभारी अंजनी सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे थे और जांच की थी। हालांकि, अगले ही दिन उसी परिसर के तालाब से दूसरे मजदूर का शव मिलने के बाद पहले की गई तलाशी को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।

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अब यह स्पष्ट होना जरूरी है कि पहले शव की बरामदगी के बाद पुलिस ने कृषि विज्ञान केंद्र परिसर की कितनी गहनता से तलाशी ली थी। क्या उस दौरान तालाब की भी जांच की गई थी? यदि तलाशी हुई थी, तो दूसरे मजदूर का शव उस समय क्यों नहीं मिला? हालांकि, अभी यह भी स्पष्ट नहीं है कि किशनदेव का शव मंगलवार को ही तालाब में मौजूद था या बाद में वहां फेंका गया।

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फिलहाल पुलिस के सामने दोनों मजदूरों की मौत के कारणों का पता लगाने के साथ यह जांच करना भी अहम है कि दोनों घटनाओं के बीच कोई संबंध है या नहीं। इसके अलावा, किशनदेव की गुमशुदगी की शिकायत पर की गई कार्रवाई और पहले शव की बरामदगी के बाद परिसर में हुई तलाशी का ब्योरा भी जांच के लिहाज से महत्वपूर्ण होगा।

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अश्वनी पाठक

अश्वनी पाठक

रिपोर्टर

अश्वनी पाठक जमशेदपुर निवासी हैं और पिछले तीन वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने न्यूज मीडिया किरण के माध्यम से पत्रकारिता की शुरुआत की। वाणिज्य में ऑनर्स (बी.कॉम) की शिक्षा पूरी करने के बाद वर्तमान में एलएलबी की पढ़ाई कर रहे हैं। पत्रकारिता के साथ-साथ वे कानून की शिक्षा भी प्राप्त कर रहे हैं।