बाबूलाल मरांडी ने जी राम जी योजना को बताया गांधी के रामराज्य का सपना, कांग्रेस पर साधा निशाना

बाबूलाल मरांडी ने जी राम जी योजना को बताया गांधी के रामराज्य का सपना, कांग्रेस पर साधा निशाना

रांची : भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने आज प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी जी राम जी योजना को महात्मा गांधी के रामराज्य के सपनों को साकार करने वाली योजना बताया और कांग्रेस पर जनता को भ्रमित करने का आरोप लगाया।

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बाबूलाल मरांडी ने कहा, “महात्मा गांधी के रामराज के सपनों को साकार करेगा जी राम जी। यह योजना अंत्योदय का प्रतीक है, गांव-गरीब-किसान-मजदूर के कल्याण का माध्यम है और भ्रष्टाचार मुक्त ग्रामीण विकास सुनिश्चित करेगी।” उन्होंने कांग्रेस को हताश और निराश बताते हुए कहा कि पार्टी खुद कन्फ्यूज है, इसलिए जी राम जी योजना को लेकर जनता को दिग्भ्रमित कर रही है।

उन्होंने मनरेगा को भ्रष्टाचार का केंद्र बताते हुए कहा कि यह योजना जमीन पर सही तरीके से नहीं उतर पाई। झारखंड में तो लूट की मिसाल कायम की गई। खूंटी जिले में 24 करोड़ के गबन में एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी को जेल जाना पड़ा। राज्य के लगभग सभी जिलों में मनरेगा घोटाले उजागर हुए हैं। इसी तरह वित्तीय वर्ष 2025-26 में पश्चिम बंगाल सहित 23 राज्यों में कागजों पर कार्य दिखाए गए, जो जमीन पर मौजूद नहीं थे। श्रम आधारित कार्यों में मशीनों का बड़े पैमाने पर उपयोग और कमीशनखोरी की बातें सामने आईं।

कोरोना महामारी के बाद केवल 7.61% परिवारों ने 100 दिन का रोजगार पूरा किया। मोदी सरकार ने भ्रष्टाचार रोकने के प्रयास किए, जिससे महिलाओं की भागीदारी बढ़ी और सक्रिय श्रमिकों की संख्या 12.11 करोड़ पहुंच गई, लेकिन पैसों का गबन और काम का धरातल पर न उतरना जारी रहा।

बाबूलाल मरांडी ने जी राम जी को मनरेगा का विकसित और बड़ा मॉडल बताया, जो विकसित भारत 2047 के संकल्प को पूरा करेगा। इसमें 100 की जगह 125 दिन रोजगार की गारंटी, चार मुख्य श्रेणियां – जल संरक्षण, ग्रामीण बुनियादी ढांचा, रोजगार सृजन और पर्यावरण संरक्षण संबंधी कार्य शामिल हैं। योजना में एआई आधारित धोखाधड़ी पहचान, जीपीएस निगरानी, सोशल ऑडिट और पारदर्शिता के मजबूत प्रावधान हैं।

किसानों और मजदूरों दोनों का ध्यान रखते हुए कृषि सीजन में 60 दिन का ब्रेक और काम न मिलने पर बेरोजगारी भत्ता का प्रावधान है। फंडिंग अनुपात केंद्र-राज्य 60:40 है।

कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि पार्टी गांव-गरीब-किसान विरोधी है। भ्रष्टाचार रुकने से परेशानी है, मजदूरों को 125 दिन काम और राम शब्द से दिक्कत है। भाजपा कार्यकर्ता जनता के बीच योजना की खूबियां पहुंचाएंगे और कांग्रेस के दुष्प्रचार का पर्दाफाश करेंगे।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश प्रसाद, किसान मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष पवन साहू, प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाह देव और सह मीडिया प्रभारी योगेंद्र प्रताप सिंह उपस्थित थे।

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