झारखंड में निवेश को लेकर बढ़ी वैश्विक रुचि, सिंगापुर समेत कई बड़ी कंपनियों ने दिखाई साझेदारी की इच्छा

नई दिल्ली: मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के नेतृत्व में झारखंड वैश्विक निवेश और औद्योगिक साझेदारी का उभरता केंद्र बनता जा रहा है। झारखंड सरकार की ओर से आयोजित नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन-2026 के दूसरे दिन बिजनेस-टू-गवर्नमेंट (B2G) संवाद में देश-विदेश के उद्योग संगठनों और कॉर्पोरेट प्रतिनिधियों ने राज्य में निवेश और साझेदारी को लेकर गहरी रुचि दिखाई।
बैठक में भारत में सिंगापुर के उच्चायुक्त साइमन वोंग वी कुएन के नेतृत्व वाले प्रतिनिधिमंडल ने झारखंड में निवेश, विश्वस्तरीय स्किल सेंटर, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, स्वास्थ्य सेवाओं, चिकित्सा शिक्षा, अनुसंधान और कौशल विकास के क्षेत्रों में सहयोग का प्रस्ताव रखा। मुख्यमंत्री ने इन सुझावों का स्वागत करते हुए भविष्य की साझेदारी के लिए कार्ययोजना तैयार करने का भरोसा दिया।
सीआईआई ने राज्य में सौर एवं पवन ऊर्जा, स्मार्ट मीटरिंग, ट्रांसमिशन अवसंरचना, सोलर सेल निर्माण और डिजिटल ऊर्जा प्रबंधन में निवेश की संभावनाएं रखीं। वहीं फिक्की ने झारखंड को प्रकृति पर्यटन, डेस्टिनेशन वेडिंग, स्पोर्ट्स टूरिज्म और एमआईसीई (MICE) पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनाने के लिए पर्यटन अवसंरचना विकसित करने के सुझाव दिए।
पर्यटन क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए ईज़माईट्रिप ने झारखंड सरकार के साथ एमओयू करने की घोषणा की। कंपनी राज्य के पर्यटन स्थलों के प्रचार-प्रसार के लिए प्रमुख ट्रैवल इन्फ्लुएंसर्स और डिजिटल कंटेंट क्रिएटर्स को झारखंड लाने की योजना पर काम करेगी। मेकमाईट्रिप ने भी अपने डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से राज्य के पर्यटन स्थलों के प्रचार में सहयोग देने की इच्छा जताई।

बैठक के दौरान हीरो साइकिल्स और एवन साइकिल्स के प्रतिनिधियों के साथ झारखंड में साइकिल एवं ई-साइकिल विनिर्माण इकाइयों की स्थापना पर चर्चा हुई। इस दौरान 500 करोड़ से 1,000 करोड़ रुपये तक के संभावित निवेश और बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन की संभावनाओं पर विचार किया गया।
इसके अलावा फिक्की टूरिज्म फेडरेशन ने रांची में अंतरराष्ट्रीय स्तर का गोल्फ कोर्स और गोल्फ पर्यटन केंद्र विकसित करने का प्रस्ताव रखा। मुख्यमंत्री ने परियोजना के लिए उपयुक्त भूमि उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता जताते हुए कहा कि इससे स्पोर्ट्स टूरिज्म, आतिथ्य उद्योग और रोजगार को नई गति मिलेगी।
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि राज्य सरकार उद्योग-अनुकूल नीतियों और निरंतर संवाद के जरिए निवेशकों के लिए बेहतर माहौल तैयार कर रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि इन संभावित साझेदारियों से झारखंड निवेश, उद्योग, पर्यटन, हरित ऊर्जा और सतत आर्थिक विकास के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचेगा।

















