विकास और जनकल्याण के पथ पर अग्रसर झारखंड : झामुमो
रांची : झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने आजसू पार्टी के आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए इसे राजनीतिक हताशा का परिणाम बताया। पार्टी के महासचिव सह मुख्य प्रवक्ता विनोद पांडेय ने कहा कि जो लोग झारखंड आंदोलन के नाम पर सौदेबाजी करते रहे, आज वही नैतिकता का पाठ पढ़ा रहे हैं। जनता अच्छी तरह जानती है कि किसने संघर्ष की लौ थामी और किसने सत्ता की चासनी चाटी।
विनोद पांडेय ने कहा कि पिछले छह वर्षों में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड में “जनता के हाथ में सरकार” का सपना साकार हुआ है। शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, महिला सशक्तिकरण, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व काम हुए हैं। पहले की आजसू-भाजपा सरकारों में राज्य सिर्फ खनन माफिया और ठेकेदारों का अड्डा बनकर रह गया था, लेकिन वर्तमान सरकार ने “अबुआ दिशुम, अबुआ राज” को धरती पर उतारा है।
हेमंत सरकार की प्रमुख उपलब्धियां
महिलाओं का सशक्तिकरण :
मुख्यमंत्री मंईयां सम्मान योजना से 45 लाख से अधिक महिलाओं को प्रतिमाह ₹2500 की आर्थिक सहायता।
सामाजिक सुरक्षा :
सर्वजन पेंशन योजना से 36 लाख बुजुर्ग, विधवा एवं दिव्यांगों को सम्मानजनक जीवन।
आवास एवं स्वास्थ्य :
अबुआ आवास योजना से लाखों गरीबों को पक्का घर और अबुआ स्वास्थ्य योजना से पूरे परिवार को मुफ्त इलाज।
युवाओं का भविष्य :
मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा विदेश अध्ययन छात्रवृत्ति और गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना से उच्च शिक्षा के नए द्वार खुले।
किसान एवं ग्रामीण विकास :
झारखंड किसान समृद्धि योजना, हर घर नल का जल, ग्रामीण सड़क योजना और सखी मंडलों से दो लाख से अधिक महिलाएं स्वरोजगार से जुड़ीं।
पर्यावरण संरक्षण :
राज्य का वन आवरण 34.25% तक पहुंचा, जो राष्ट्रीय औसत से काफी अधिक है।
रोजगार सृजन :
हजारों सरकारी नौकरियां, मुख्यमंत्री रोजगार सृजन योजना और जोहार योजना से लाखों युवाओं को स्वरोजगार के अवसर। नियुक्ति प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता और स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता।
विनोद पांडेय ने कहा, “आजसू नेताओं को याद रखना चाहिए कि जनता वादे नहीं, विकास देखती है। आज झारखंड में गरीब को पेंशन, किसान को सम्मान, युवा को रोजगार और महिला को सशक्तिकरण मिल रहा है। यही हमारा ‘सोना झारखंड’ है, पुरखों के सपनों से प्रेरित और जनता की आशाओं से जगमगाता हुआ।”
उन्होंने आगे कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में झारखंड को आत्मनिर्भर, समृद्ध और गौरवशाली राज्य बनाने का संकल्प अटल है। विरोधी कितनी भी बयानबाजी करें, झारखंड की मिट्टी में अब बदलाव की खुशबू फैल चुकी है और उस बदलाव का नाम है हेमंत सरकार।


















