झारखंड के आम ने बनाई सऊदी अरब में पहचान: बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत पहली बार निर्यात
जमशेदपुर : झारखंड के किसानों ने बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत एक नया इतिहास रचा है। मार्केटिंग बोर्ड के अध्यक्ष रविंद्र सिंह के निर्देश पर बाजार समिति जमशेदपुर के प्रयास से पूर्वी सिंहभूम और पाकुड़ जिले के किसानों द्वारा उत्पादित प्रीमियम आम पहली बार सऊदी अरब के जेद्दा और रियाद शहरों में निर्यात किए गए। यह निर्यात ऑल सीजन फार्म फ्रेश संस्था के माध्यम से किया गया, जो झारखंड के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।

14 से 17 जुलाई तक जेद्दा और रियाद के लुलु हाइपर मॉल में आयोजित।मैंगो मानिया फेस्टिवल में झारखंड के इन आमों को प्रदर्शित किया गया। फेस्टिवल में भाग लेने वाले विदेशियों ने झारखंड के आमों के स्वाद की जमकर सराहना की। इस आयोजन का उद्घाटन जेद्दा में काउंसिल जनरल ऑफ इंडिया श्री एचपी फहद अहमद खान और रियाद में डिप्टी चीफ ऑफ मिशन श्री अबू मैथन जॉर्ज ने किया।

भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत एपेडा (कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकार) ने ट्वीट कर बताया कि झारखंड के प्रीमियम आमों को सऊदी अरब में खूब सराहा गया। राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भी बिरसा हरित ग्राम योजना के तहत इस उपलब्धि को किसानों के सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा कदम बताया।
मार्केटिंग बोर्ड के अध्यक्ष रविंद्र सिंह ने कहा कि भविष्य में किसानों को निर्यात के लिए प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा ताकि उनकी उपज को वैश्विक बाजार में और अधिक स्थान मिले। इससे न केवल किसानों की आय बढ़ेगी, बल्कि झारखंड का नाम भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और ऊंचा होगा।


















