कैरव गांधी अपहरण मामला : सिंह साहेब सहित छह गिरफ्तार
कैरव गांधी अपहरण मामला : सिंह साहेब सहित छह गिरफ्तार

फ़ाइल फ़ोटो
जमशेदपुर के युवा उद्योगपति कैरव गांधी के अपहरण मामले में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। कैरव की रिहाई के बाद मुख्य सरगना सिंह साहेब समेत छह आरोपियों को बिहार के गया, औरंगाबाद तथा नालंदा जिलों से गिरफ्तार कर लिया गया है। एक अन्य आरोपी को हिरासत में लेकर उससे गहन पूछताछ की जा रही है।
अपहरण की पूरी घटना और पुलिस की कार्रवाई
जमशेदपुर के प्रसिद्ध उद्योगपति देवांग गांधी के 24 वर्षीय पुत्र कैरव गांधी का अपहरण 13 जनवरी 2026 को बिष्टुपुर थाना क्षेत्र के सीएच एरिया (सर्किट हाउस के पास) से हुआ था। अपहरणकर्ताओं ने से फिरौती की मांग की गई, जिसमें कुछ रिपोर्टों में राशि 5 करोड़ से 10 करोड़ तक बताई गई। अपहरणकर्ताओं ने इंडोनेशिया/थाईलैंड जैसे अंतरराष्ट्रीय नंबरों से व्हाट्सएप कॉल्स किए थे।
पुलिस ने एसएसपी पीयूष पांडेय के नेतृत्व में कई विशेष टीमें गठित कीं, जिन्होंने झारखंड, बिहार और अन्य राज्यों में छापेमारी की। गुप्त सूचना मिलने पर पुलिस ने अपहरणकर्ताओं के ठिकानों पर दबाव बढ़ाया। 27 जनवरी 2026 की तड़के करीब 4:30 बजे कैरव को बिहार-झारखंड बॉर्डर के बरही-चौपारण (हजारीबाग जिले में जीटी रोड) क्षेत्र से सुरक्षित बरामद किया गया।
अपहरणकर्ता पुलिस के बढ़ते दबाव से घबराकर उन्हें सड़क पर छोड़कर फरार हो गए थे। कैरव को परिवार के सुपुर्द कर दिया गया, जहां वे शारीरिक रूप से ठीक लेकिन मानसिक रूप से प्रभावित पाए गए।
गिरफ्तारियां और बरामदगी
कैरव की रिहाई के तुरंत बाद पुलिस ने तेज कार्रवाई करते हुए:मुख्य सरगना सिंह साहेब (बिहार के गया का) सहित छह आरोपियों को गया, औरंगाबाद और नालंदा से गिरफ्तार किया।
एक अन्य आरोपी को हिरासत में लिया गया है।
जांच में पता चला कि अक्टूबर 2025 से ही कैरव की रेकी की जा रही थी। अपहरण में जमशेदपुर का एक स्थानीय युवक भी शामिल था। घटना में इस्तेमाल दो कारें (एक स्कॉर्पियो सहित) और दो पिस्तौल बरामद की गईं।
पूछताछ से सामने आया कि अपहरण की साजिश बेहद सुनियोजित थी, जिसमें कई जिलों और राज्यों को शामिल किया गया था। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि अपहरणकर्ता कैरव को बिहार से झारखंड की ओर शिफ्ट करने की योजना बना रहे थे, जिसके दौरान उन्हें ट्रैक किया गया।
जांच की स्थिति
जमशेदपुर पुलिस ने इस मामले को अंतरराज्यीय स्तर पर लिया है और जांच जारी है। पुलिस को मास्टरमाइंड की तलाश जारी है। एसएसपी पीयूष पांडेय ने कहा कि आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।यह मामला शहर में काफी चर्चित रहा और पुलिस की सतर्कता एवं तेज कार्रवाई की सराहना हुई है। कैरव की सुरक्षित वापसी से परिवार और शहरवासियों को बड़ी राहत मिली है।

















