NEET UG 2026: राजस्थान में 150 पन्नों के ‘गेस पेपर’ ने मचाया हड़कंप, 120 सवाल मैच होने के बाद परीक्षा रद्द, अब CBI संभालेगी कमान
नीट यूजी 2026 में बड़ा खेल! राजस्थान में वायरल हुए 410 सवालों के गेस पेपर से मैच हुए 120 प्रश्न। SOG के खुलासे के बाद परीक्षा रद्द, अब CBI करेगी जांच।
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In continuation of its press release dated 10 May 2026, the National Testing Agency wishes to inform candidates, parents, and members of the public of the following decisions taken in respect of NEET (UG) 2026. NTA had, on 8 May 2026, referred the matters then under consideration…
— National Testing Agency (@NTA_Exams) May 12, 2026
डेस्क : नीट यूजी 2026 परीक्षा को लेकर राजस्थान से एक ऐसा खुलासा हुआ है जिसने पूरे देश के शिक्षा जगत और लाखों परीक्षार्थियों को स्तब्ध कर दिया है। जांच एजेंसियों के हाथ लगे एक संदिग्ध ‘गेस पेपर’ ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की शुचिता पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं, जिसके बाद केंद्र सरकार ने मामले की जांच CBI को सौंप दी है।
WhatsApp पर घूम रहा था 410 सवालों का ‘कातिल’ PDF
राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (SOG) की तफ्तीश में सामने आया है कि परीक्षा से कई हफ्ते पहले ही WhatsApp पर एक PDF फाइल वायरल हो रही थी।
दस्तावेज की लंबाई: लगभग 150 पेज।
सवालों की संख्या: करीब 410 प्रश्न।
हैरान करने वाला डेटा:
दावों के मुताबिक, असली परीक्षा के 120 सवाल सीधे तौर पर इसी PDF से मेल खा रहे थे।
SOG को सामान्य ‘पेपर लीक’ नहीं लग रहा यह मामला
राजस्थान SOG के ADGP विशाल बंसल ने इस मामले पर चौंकाने वाली टिप्पणी की है। उन्होंने कहा, “आमतौर पर पेपर लीक करने वाले गिरोह इसे गुप्त रखते हैं ताकि मोटी रकम वसूली जा सके। लेकिन यहां यह गेस पेपर के नाम पर हजारों लोगों के मोबाइल तक पहुंच चुका था।”जांच एजेंसियां अब इस बात की तह तक जा रही हैं कि क्या यह किसी सोची-समझी साजिश के तहत सिस्टम को चुनौती देने की कोशिश थी।
NTA का बड़ा फैसला: परीक्षा रद्द, दोबारा होगा एग्जाम
इतने बड़े पैमाने पर सवालों के मिलान और छात्रों के बढ़ते आक्रोश को देखते हुए, NTA ने NEET UG 2026 की परीक्षा को तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया है।
री-एग्जाम:
सरकार ने दोबारा परीक्षा कराने की घोषणा की है (तारीखें जल्द घोषित की जाएंगी)।
CBI जांच:
पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करने के लिए केंद्र सरकार ने मामले की फाइल CBI को हैंडओवर कर दी है।
लाखों छात्रों की मेहनत पर फिरा पानी। क्या इस गेस पेपर के पीछे कोई संगठित सिंडिकेट है या NTA के भीतर से ही कोई चूक हुई है? CBI की जांच अब इन्हीं सवालों के इर्द-गिर्द घूमेगी।

















