रिम्स-2 निर्माण विवाद: नगड़ी के ग्रामीणों के समर्थन में उतरी भाजपा, बाबूलाल मरांडी बोले- सड़क से सदन तक करेंगे विरोध

रांची: रिम्स-2 निर्माण के विरोध में नगड़ी जमीन बचाओ संघर्ष समिति का एक प्रतिनिधिमंडल गुरुवार को नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी से उनके आवास पर मिला। प्रतिनिधिमंडल ने नगड़ी की कृषि भूमि पर प्रस्तावित रिम्स-2 निर्माण से जुड़ी स्थिति से उन्हें अवगत कराया और आंदोलन के समर्थन की अपील की।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!मुलाकात के बाद पत्रकारों से बातचीत में नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि राज्य सरकार रिम्स-2 निर्माण के मामले में हठधर्मिता पर अड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी इस मुद्दे पर नगड़ी के ग्रामीणों के साथ खड़ी है और पार्टी सड़क से लेकर सदन तक इसका विरोध करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि यदि आवश्यकता पड़ी तो वह स्वयं भी ग्रामीणों के आंदोलन में शामिल होंगे।

बाबूलाल मरांडी ने सुझाव दिया कि रिम्स-2 का निर्माण कृषि योग्य भूमि के बजाय किसी बेकार पड़ी बंजर भूमि पर किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को नए संस्थान बनाने के साथ-साथ विभिन्न जिलों में पहले से संचालित अस्पतालों की व्यवस्था को भी सुदृढ़ करना चाहिए। साथ ही अधूरे पड़े अस्पताल भवनों का निर्माण कार्य जल्द पूरा कराया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि राज्य के सभी जिलों में स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर होंगी, तो लोगों को इलाज के लिए दूर-दराज से रांची आने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
वहीं, नेता प्रतिपक्ष से मुलाकात के बाद नगड़ी जमीन बचाओ संघर्ष समिति के ग्रामीणों ने भी अपनी समस्याएं विस्तार से रखीं। ग्रामीणों का कहना है कि रिम्स-2 निर्माण के मुद्दे पर उनकी बात सुनने वाला कोई नहीं है। उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि उनके आंदोलन को विभिन्न राजनीतिक दलों का समर्थन मिले, ताकि उनकी आवाज सरकार तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके।
















