20260118 204207

राष्ट्र के लिए मध्यस्थता 2.0 अभियान: सिमडेगा में जागरूकता रैली का सफल आयोजन

शंभू कुमार सिंह 

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

सिमडेगा : लंबित मामलों के त्वरित, सौहार्दपूर्ण और प्रभावी निपटारे को बढ़ावा देने के उद्देश्य से चलाए जा रहे राष्ट्र के लिए मध्यस्थता 2.0 अभियान (Mediation for the Nation 2.0 या समान विस्तारित रूप) के तहत रविवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकार, सिमडेगा के तत्वावधान में एक भव्य जागरूकता रैली का आयोजन किया गया।

इस रैली का नेतृत्व प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश (पीडीजे) राजीव कुमार सिन्हा ने किया। रैली व्यवहार न्यायालय परिसर से शुरू होकर शहर के प्रमुख मार्गों जैसे वीर बुद्धू चौक, महावीर चौक, झूलन सिंह चौक और प्रिंस चौक से गुजरती हुई पुनः न्यायालय परिसर में समाप्त हुई।

रैली के माध्यम से आम नागरिकों को मध्यस्थता प्रक्रिया की जानकारी दी गई तथा राष्ट्र के लिए मध्यस्थता 2.0 अभियान के लाभों पर प्रकाश डाला गया। यह अभियान राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) और सुप्रीम कोर्ट की मध्यस्थता एवं सुलह परियोजना समिति (MCPC) के संयुक्त प्रयास से चलाया जा रहा है, जिसका मुख्य लक्ष्य न्यायालयों में लंबित मामलों का बोझ कम करना और लोगों को सरल, त्वरित एवं कम खर्चीला विवाद समाधान उपलब्ध कराना है।

रैली के दौरान पीडीजे राजीव कुमार सिन्हा ने कहा, “मध्यस्थता विवादों के समाधान का एक सरल, त्वरित एवं प्रभावी माध्यम है। इससे पक्षकारों को वर्षों तक न्यायालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ते। इस प्रक्रिया से न केवल समय और धन की बचत होती है, बल्कि पक्षकारों के बीच आपसी संबंध भी बने रहते हैं।”

उन्होंने आम जनता से अपील की कि वे समझौता योग्य मामलों (जैसे वैवाहिक विवाद, चेक बाउंस, सड़क दुर्घटना दावा, उपभोक्ता विवाद, सेवा संबंधी मामले आदि) के निपटारे के लिए मध्यस्थता का अधिक से अधिक उपयोग करें।

जिला विधिक सेवा प्राधिकार की सचिव मरियम हेमरोम ने बताया कि इस अभियान के तहत विभिन्न प्रकार के मध्यस्थता योग्य मामलों का आपसी सहमति से निपटारा किया जा रहा है। इससे न्याय तक पहुंच आसान बनेगी और लंबित मामलों की संख्या में उल्लेखनीय कमी आएगी।

रैली में सचिव मरियम हेमरोम, स्थाई लोक अदालत के अध्यक्ष रमेश कुमार श्रीवास्तव, बार एसोसिएशन के सचिव प्रद्युम्न सिंह के अलावा अन्य न्यायिक पदाधिकारी, अधिवक्ता, मध्यस्थ एवं न्यायालय कर्मी शामिल रहे

Share via
Share via