जनजातीय गरिमा उत्सव: रांची में TRIFED की प्रदर्शनी-सह-कार्यशाला आयोजित

रांची: भारत सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय के अधीन ट्राइफेड (TRIFED) क्षेत्रीय कार्यालय, झारखंड एवं बिहार द्वारा मंगलवार को “जनजातीय गरिमा उत्सव” के अवसर पर रांची स्थित कुसुम एम्पोरियम के बैठक कक्ष में प्रदर्शनी-सह-कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जनजातीय समुदायों की उपलब्धियों, उद्यमशीलता की सफलताओं तथा उनकी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को व्यापक स्तर पर प्रदर्शित करना और जनजातीय उत्पादों एवं आजीविका पहलों को बढ़ावा देना रहा।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कार्यक्रम में जनजातीय कारीगरों, उद्यमियों तथा वन धन विकास केंद्रों (VDVK) से जुड़े लाभार्थियों की सफलता की कहानियों को साझा किया गया। साथ ही प्रदर्शनी के माध्यम से क्षेत्रीय जनजातीय उत्पादों, हस्तशिल्प, पारंपरिक कला और उद्यमशीलता से जुड़ी गतिविधियों को प्रदर्शित किया गया।
इस अवसर पर लाभार्थियों के अनुभव, तस्वीरें और लघु वीडियो भी संकलित किए गए, जिन्हें ट्राइफेड मुख्यालय द्वारा दस्तावेजीकरण और व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए उपयोग किया जाएगा। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जनजातीय समुदायों के आजीविका विकास और आत्मनिर्भरता की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को सामने लाना था।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनजातीय कारीगर, उद्यमी, स्वयं सहायता समूहों के प्रतिनिधि और अन्य हितधारक शामिल हुए। वक्ताओं ने कहा कि जनजातीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने तथा जनजातीय समुदायों की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने में ट्राइफेड महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
इस अवसर पर राज कुमार, क्षेत्रीय प्रबंधक, ट्राइफेड झारखंड एवं बिहार तथा एस.के. राजू, उप प्रबंधक, ट्राइफेड सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। उन्होंने जनजातीय उद्यमियों को सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बनने और अपने उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुंचाने के लिए प्रेरित किया।
















