राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने तीन दिवसीय ‘मारवाड़ महोत्सव’ का किया भव्य उद्घाटन
रांची : झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने आज मारवाड़ी भवन, हरमू रोड, रांची में झारखण्ड प्रांतीय मारवाड़ी सम्मेलन एवं मारवाड़ी सहायक समिति द्वारा आयोजित त्रि-दिवसीय मारवाड़ महोत्सव–2026 का उद्घाटन किया। यह महोत्सव 16 से 18 जनवरी 2026 तक चलेगा और राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक, सामाजिक एवं पारंपरिक विरासत को झारखंड की धरती पर जीवंत रूप में प्रस्तुत कर रहा है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!उद्घाटन समारोह में उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि यह महोत्सव केवल एक सांस्कृतिक आयोजन नहीं है, बल्कि विविधतापूर्ण भारतीय परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने इसे पीएम मोदी के ‘विकास के साथ विरासत’ तथा ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना का जीवंत उदाहरण बताया। राज्यपाल ने जोर दिया कि भारत की सबसे बड़ी शक्ति उसकी ‘विविधता में एकता’ है।
महोत्सव में पारंपरिक लोकनृत्य (जैसे घूमर), लोकसंगीत, सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ, स्वादिष्ट मारवाड़ी व्यंजन, हस्तशिल्प प्रदर्शनी, चौकी धानी प्रतियोगिता तथा विभिन्न प्रतिस्पर्धात्मक गतिविधियाँ शामिल हैं। ये सभी आयोजन सामाजिक समरसता, आपसी सौहार्द और सांस्कृतिक विविधता का सुंदर चित्र प्रस्तुत कर रहे हैं।
मारवाड़ी समाज के योगदान की सराहना करते हुए राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने कहा कि परोपकार, सेवा-भावना, अनुशासन, श्रम, ईमानदारी और उद्यमशीलता इस समाज की विशिष्ट पहचान है। उन्होंने व्यापार, उद्योग, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सामाजिक सेवा के क्षेत्रों में मारवाड़ी समाज के महत्वपूर्ण योगदान का उल्लेख किया। राज्यपाल ने अपने गृह क्षेत्र उत्तर प्रदेश के बरेली में मारवाड़ी समाज द्वारा किए जा रहे सामाजिक एवं परोपकारी कार्यों का व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए कहा कि यह समाज जहाँ भी रहता है, स्थानीय संस्कृति के साथ आत्मीय समन्वय स्थापित करता है।
उन्होंने विश्वास जताया कि झारखंड राज्य विकास के क्षेत्र में अग्रणी बनेगा और इसमें मारवाड़ी समाज अपना सक्रिय योगदान देगा। कार्यक्रम के बाद राज्यपाल ने महोत्सव परिसर में लगे विभिन्न स्टॉल्स का अवलोकन भी किया और आयोजकों को बधाई दी।
यह पहला बड़ा मारवाड़ महोत्सव रांची में आयोजित हो रहा है, जो राजस्थान की रौनक, रंग और स्वाद से शहर को महका रहा है। प्रवेश शुल्क मात्र 50 रुपये रखा गया है, और सभी परिवारों को सपरिवार आमंत्रित किया जा रहा है।

















