बरवाअड्डा में मंत्री इरफान अंसारी का बड़ा बयान, बोले- शिबू सोरेन को मिलना चाहिए था भारत रत्न

धनबाद: जामताड़ा से रांची जाने के क्रम में झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री Irfan Ansari धनबाद के बरवाअड्डा स्थित अपना ढाबा पहुंचे, जहां झामुमो नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान उन्होंने पत्रकारों से बातचीत करते हुए राज्यसभा चुनाव, शिबू सोरेन को मिले सम्मान, स्वास्थ्य व्यवस्था और कैंसर की दवाओं की कीमतों जैसे कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपनी बात रखी।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि वह जानबूझकर इस होटल में आए हैं क्योंकि इसी स्थान पर उनकी मुलाकात झारखंड आंदोलन के प्रमुख नेता और पूर्व मुख्यमंत्री Shibu Soren से हुई थी। उन्होंने कहा कि गुरुजी को पद्मभूषण सम्मान मिलना पूरे झारखंड के लिए गर्व का विषय है। यह सम्मान उनके लंबे संघर्ष, त्याग और बलिदान की पहचान है। हालांकि उन्होंने कहा कि शिबू सोरेन को देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न मिलना चाहिए था और केंद्र सरकार को इस दिशा में पुनर्विचार करना चाहिए।
राज्यसभा चुनाव में गठबंधन उम्मीदवार की हार पर प्रतिक्रिया देते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव में जनता की नहीं बल्कि पैसे की ताकत चली है। इरफान अंसारी ने कहा कि यदि जनता हराती तो बात समझ में आती, लेकिन यहां पैसे के दम पर राजनीति की गई है। उन्होंने भाजपा पर झारखंड के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि जनता कांग्रेस और गठबंधन के साथ है, जबकि पैसा भाजपा के साथ है।
स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर मंत्री ने दावा किया कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि 200 से अधिक डॉक्टरों को झारखंड लाया गया है, जिनमें कई सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टर भी शामिल हैं। सरकार बेहतर वेतन और सुविधाएं देकर डॉक्टरों को राज्य में सेवा देने के लिए प्रोत्साहित कर रही है, जिससे आम लोगों को गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा मिल सके।
कैंसर की दवाओं की बढ़ती कीमतों पर चिंता जताते हुए इरफान अंसारी ने केंद्र सरकार से इस दिशा में ठोस कदम उठाने की मांग की। उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी की दवाएं आम लोगों की पहुंच से बाहर होती जा रही हैं और सरकार को इनके दाम कम कराने की दिशा में काम करना चाहिए।
वहीं स्वास्थ्य विभाग से जुड़े कथित घोटालों के सवाल पर मंत्री ने कहा कि उनका किसी भी प्रकार के घोटाले से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने कहा कि उनका पूरा ध्यान स्वास्थ्य विभाग में सुधार और राज्य की चिकित्सा व्यवस्था को मजबूत बनाने पर है, ताकि लोगों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराया जा सके।
















