रांची में डाक विभाग की बड़ी लापरवाही: डाकिया के घर से मिले एक साल से अटके आधार, पैन, एटीएम कार्ड और सरकारी नोटिस

रांची: राजधानी रांची के कांके प्रखंड स्थित पिठोरिया डाकघर से डाक वितरण में बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। आरोप है कि क्षेत्र के ग्रामीणों को करीब एक वर्ष तक उनकी महत्वपूर्ण डाक नहीं मिली। मामला तब उजागर हुआ जब ग्रामीणों ने लगातार डाक नहीं मिलने पर विरोध जताया और विभाग से शिकायत की।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!जांच के दौरान डाक विभाग के इंस्पेक्टर दीपक कुमार ने संबंधित डाकिया के घर की तलाशी ली। तलाशी में कई बोरों में बड़ी मात्रा में लंबित डाक बरामद हुई। इनमें आधार कार्ड, पैन कार्ड, एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक के साथ लोक अदालत और आयकर विभाग के महत्वपूर्ण नोटिस भी शामिल थे, जिन्हें लाभार्थियों तक कभी पहुंचाया ही नहीं गया था।
ग्रामीणों को हुआ आर्थिक और कानूनी नुकसान
ग्रामीणों का कहना है कि समय पर डाक नहीं मिलने के कारण उन्हें गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल सका, जबकि आयकर विभाग और अन्य सरकारी नोटिस समय पर नहीं मिलने से कुछ लोगों को कानूनी और आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ा।
आरोपी डाकिया निलंबित, होगी विभागीय कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए डाक विभाग ने संबंधित डाकिया को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इंस्पेक्टर दीपक कुमार ने बताया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और यदि किसी अन्य अधिकारी या कर्मचारी की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
लंबित डाक पहुंचाने के लिए चलेगा विशेष अभियान
डाक विभाग ने लंबित सभी डाक और महत्वपूर्ण दस्तावेजों को जल्द से जल्द संबंधित लोगों तक पहुंचाने के लिए विशेष अभियान (स्पेशल ड्राइव) चलाने की घोषणा की है। विभाग का कहना है कि प्राथमिकता के आधार पर सभी लंबित डाक का वितरण सुनिश्चित किया जाएगा।
विभाग की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
इस घटना ने डाक विभाग की कार्यप्रणाली और निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक कर्मचारी की कथित लापरवाही के कारण सैकड़ों ग्रामीणों के महत्वपूर्ण दस्तावेज महीनों तक उनके घर नहीं पहुंच सके। अब लोगों की नजर इस बात पर है कि विभाग दोषियों के खिलाफ कितनी सख्त कार्रवाई करता है और प्रभावित लोगों को उनकी लंबित डाक कितनी जल्दी उपलब्ध कराता है।















