झारखंड में GIS आधारित शहरी प्रबंधन प्रणाली को मिलेगा विस्तार, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने की समीक्षा

रांची : झारखंड के मुख्यमंत्री Hemant Soren ने बुधवार को नगर विकास एवं आवास विभाग के अंतर्गत JUIDCO द्वारा संचालित GIS आधारित शहरी प्रबंधन प्रणाली परियोजना की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि परियोजना के कार्य निर्धारित समय-सीमा में उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं, ताकि राज्य में पारदर्शी, जवाबदेह और डेटा-आधारित शहरी प्रशासन को बढ़ावा मिल सके।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!समीक्षा बैठक में बताया गया कि पायलट परियोजना के तहत Ranchi, Dhanbad और Giridih नगर निगमों का चयन किया गया है। इन क्षेत्रों में हवाई LiDAR सर्वेक्षण का कार्य पूरा हो चुका है, जबकि डिजिटल मैपिंग, GIS लेयर निर्माण और डेटा प्रोसेसिंग का काम जारी है।
परियोजना के तहत जियो-टैगिंग आधारित संपत्ति सर्वेक्षण, शहरी परिसंपत्तियों की विस्तृत मैपिंग, जल निकायों की निगरानी और आधुनिक GIS आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म विकसित किया जा रहा है। इसके माध्यम से भवनों, सड़कों, स्ट्रीट लाइट, विद्युत पोल, जल स्रोतों समेत विभिन्न शहरी परिसंपत्तियों का सटीक डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल शहरी नियोजन को वैज्ञानिक आधार प्रदान करेगी और नगर निकायों की कार्यप्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाएगी। उन्होंने राजस्व सुदृढ़ीकरण, परिसंपत्ति प्रबंधन और नागरिक सुविधाओं में सुधार के लिए GIS प्रणाली के प्रभावी उपयोग पर विशेष जोर दिया।
बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि पायलट परियोजना से प्राप्त अनुभवों का विश्लेषण कर राज्य के अन्य 49 शहरी स्थानीय निकायों में भी इस प्रणाली को चरणबद्ध तरीके से लागू करने की कार्ययोजना तैयार की जाए।
बैठक में नगर विकास एवं आवास, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा तथा पर्यटन, कला-संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य विभाग के मंत्री Sudivya Kumar Sonu, विकास आयुक्त Ajay Kumar Singh, नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव Sunil Kumar सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।















