झामुमो नेता कुणाल षाड़ंगी ने बीजेपी और आरएसएस पर साधा निशाना, संविधान से सेक्युलर-सोशलिस्ट हटाने की मांग को बताया ‘असंवैधानिक’
झामुमो नेता कुणाल षाड़ंगी ने बीजेपी और आरएसएस पर साधा निशाना, संविधान से सेक्युलर-सोशलिस्ट हटाने की मांग को बताया ‘असंवैधानिक’
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!बहरागोड़ा : बहरागोड़ा के पूर्व विधायक और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के केंद्रीय प्रवक्ता कुणाल षाड़ंगी ने शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) पर तीखा हमला बोला। हाल ही में बीजेपी छोड़कर झामुमो में शामिल हुए षाड़ंगी ने आरएसएस की उस मांग की कड़ी निंदा की, जिसमें संविधान से “सेक्युलर” और “सोशलिस्ट” शब्दों को हटाने की बात कही गई है।
उन्होंने कहा, “सेक्युलर और सोशलिस्ट शब्द संविधान की आत्मा हैं। इनकी नींव बाबा साहेब अंबेडकर और जयप्रकाश नारायण जैसे महान नेताओं ने रखी थी। आरएसएस और बीजेपी का इन शब्दों के खिलाफ बोलना साफ दर्शाता है कि वे संविधान की मूल भावना को नहीं मानते।”
षाड़ंगी ने बिहार विधानसभा चुनाव के संदर्भ में बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा, “ऐसी सोच के साथ बीजेपी बिहार की जनता से वोट मांगने का हक कैसे रख सकती है? जनता को इस बात का ध्यान रखना चाहिए।”
उन्होंने इशारों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी हमला बोला और कहा, “बीजेपी आरएसएस के नीतियों और सिद्धांतों पर चलती है। ऐसे में प्रधानमंत्री को सामने आकर अपनी और अपनी पार्टी की स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए। अगर वे ऐसा नहीं करते, तो उन्हें देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए।”

















