जेएसएलपीएस कर्मियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल पांचवें दिन भी जारी, कई सरकारी योजनाएं ठप
शंभू कुमार सिंह
सिमडेगा : झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (जेएसएलपीएस) के लेवल-5 से लेवल-8 तक के सैकड़ों कर्मचारी अपनी लंबित मांगों को लेकर 21 नवंबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। आज हड़ताल का पांचवां दिन है और कर्मचारी जिला मुख्यालय स्थित समाहरणालय के समक्ष धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
धरना को संबोधित करते हुए जेएसएलपीएस कर्मचारी संघ के निरोध मडकी, दीपक कुमार सहित अन्य कर्मचारियों ने कहा कि कई वर्षों से सेवा देने के बावजूद विभाग उनकी मांगों पर कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा। बार-बार लिखित आश्वासन मिलने के बाद भी जमीनी स्तर पर कोई बदलाव नहीं दिख रहा। इसी क्रम में कर्मचारियों ने पूरे जिले में कामकाज ठप कर दिया है।
कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में नई एचआर पॉलिसी तत्काल लागू करना, वार्षिक वेतन वृद्धि अविलंब प्रभावी करना, कर्मचारियों का नियमितीकरण शुरू करना, वेतन वृद्धि एवं ग्रेड-पे का पुनर्निर्धारण, फील्ड कर्मियों के लिए यात्रा भत्ते में वृद्धि और सुरक्षा एवं बीमा सुविधा लागू करना शामिल है। कर्मचारियों का कहना है कि पिछले 4-5 वर्षों से ये मांगें लगातार उठाई जा रही हैं, लेकिन विभागीय बैठकों के बावजूद कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया।
जिला इकाई ने चेतावनी दी है कि यदि मांगें पूरी नहीं हुईं तो आगामी सप्ताह से यह आंदोलन राज्य स्तर पर ले जाया जाएगा और और तेज किया जाएगा। संघ ने कोलेबिरा विधायक एवं सिमडेगा विधायक को ज्ञापन सौंपकर मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करने का आग्रह किया है।
हड़ताल के कारण जिले में चल रही कई महत्वपूर्ण सरकारी योजनाएं प्रभावित हो गई हैं। स्वयं सहायता समूहों की गतिविधियां, आजीविका कार्यक्रम, प्रशिक्षण कार्यशालाएं, फील्ड विजिट तथा ग्रामीण महिलाओं के समूहों का संचालन और ऋण वितरण प्रक्रिया लगभग ठप हो चुकी है।
कर्मचारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक सरकार उनकी सभी मांगों पर लिखित आदेश जारी नहीं करती, हड़ताल अनिश्चितकाल तक जारी रहेगी।



















