Setback for Mamata Banerjee, Supreme Court dismisses petition

बंगाल काउंटिंग विवाद: ममता बनर्जी को झटका, सुप्रीम कोर्ट ने याचिका खारिज की

Setback for Mamata Banerjee, Supreme Court dismisses petition

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

नई दिल्ली/कोलकाता : पश्चिम बंगाल में चुनाव परिणामों से पहले काउंटिंग प्रक्रिया को लेकर चल रही सियासी खींचतान के बीच Mamata Banerjee को बड़ा झटका लगा है। Supreme Court of India ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) की उस याचिका को खारिज कर दिया है, जिसमें मतगणना के दौरान केंद्रीय कर्मचारियों की नियुक्ति का विरोध किया गया था।

क्या था मामला?

टीएमसी ने अदालत में दायर याचिका में कहा था कि काउंटिंग प्रक्रिया में राज्य के अधिकारियों को ही जिम्मेदारी दी जानी चाहिए। पार्टी ने केंद्र सरकार के कर्मचारियों की तैनाती पर सवाल उठाते हुए इसे निष्पक्षता के खिलाफ बताया था। हालांकि, अदालत ने इस दलील को स्वीकार नहीं किया और साफ कर दिया कि काउंटिंग प्रक्रिया चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार ही होगी।

अदालत का रुख

सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया कि चुनाव से जुड़े प्रशासनिक निर्णयों में अनावश्यक हस्तक्षेप उचित नहीं है। अदालत ने कहा कि Election Commission of India एक स्वतंत्र संवैधानिक संस्था है और उसे प्रक्रिया तय करने का अधिकार है।

राजनीतिक असर

इस फैसले को राज्य की सियासत में अहम माना जा रहा है। विपक्षी दलों ने इसे पारदर्शिता के पक्ष में निर्णय बताया है, जबकि टीएमसी के लिए यह एक बड़ा झटका माना जा रहा है। अब पश्चिम बंगाल में मतगणना निर्धारित प्रक्रिया के तहत ही कराई जाएगी, जिसमें केंद्रीय कर्मचारियों की भूमिका बनी रहेगी।

Share via
Share via