सिमडेगा पुलिस का ऑपरेशन रेड हंट: चार दशक से फरार लाल वारंटी सहित 05 और गिरफ्तार
शंभू कुमार सिंह
सिमडेगा पुलिस ने लंबे समय से फरार लाल वारंटियों को पकड़ने के लिए शुरू किए गए विशेष अभियान “ऑपरेशन रेड हंट” के तहत एक और बड़ी सफलता हासिल की है। इस अभियान के चौथे चरण में पुलिस ने 38 वर्षों से फरार एक लाल वारंटी सहित कुल 05 लाल वारंटियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा है।
प्रेस वार्ता के दौरान सिमडेगा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) एम. अर्शी ने बताया कि 22 अगस्त से पहले जिले में लाल वारंटियों की संख्या 300 से अधिक थी। इसके बाद “ऑपरेशन रेड हंट सिमडेगा पुलिस” नाम से विशेष अभियान शुरू किया गया। इस अभियान के पहले 15 दिनों में पुलिस ने अथक मेहनत करते हुए 41 लाल वारंटों का निष्पादन किया और 28 लाल वारंटियों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया।
एसपी ने बताया कि ऑपरेशन के चौथे चरण में 05 लाल वारंटियों को गिरफ्तार किया गया। इनमें पूसा खड़िया चोरी के मामले में 38 वर्षों से फरार, विलकन सुरीन लूटपाट के मामले में 04 वर्षों से फरार, सोमारू मलार मारपीट के मामले में 18 वर्षों से फरार, मुकेश साहू मारपीट के मामले में 08 वर्षों से फरार और बैदुरी यादव मारपीट के मामले में 13 वर्षों से फरार थे शामिल हैं।
एसपी ने यह भी बताया कि अभियान के पहले चरण में 10 लाल वारंटियों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें सदर थाना क्षेत्र से अमित कुमार बाड़ा, लिबनुस सोरेंग, और असारु खेस, बानो थाना क्षेत्र से जुनूल कांडुलना और मुकुंद महतो, जलडेगा थाना क्षेत्र से कंदरू सिंह और मो. नौशाद खान, ठेठईटांगर थाना क्षेत्र से भीमसेंट लोहरा, महाबुआंग थाना क्षेत्र से पावल गुड़िया और ओढ़गा ओपी क्षेत्र से जोहन मुंडा शामिल हैं।
एसपी ने जोर देकर कहा कि इनमें से कई आरोपी लंबे समय से अपनी पहचान छिपाकर अलग-अलग स्थानों पर रह रहे थे। जोहन मुंडा, जो 38 वर्षों से फरार था, डकैती के मामले में वांछित था। पुलिस की सटीक रणनीति और टीमवर्क के कारण इनकी गिरफ्तारी संभव हो पाई।
एसपी एम. अर्शी ने कहा कि “ऑपरेशन रेड हंट” अभी भी जारी रहेगा और बाकी फरार लाल वारंटियों को भी जल्द से जल्द गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस अभियान से न केवल अपराधियों में दहशत है, बल्कि आम जनता ने भी पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना की है।

















