चलती ट्रेन में पिस्तौल लहराकर यात्रियों को धमकाने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, आरपीएफ ने हथियार समेत दबोचा

रांची : भारतीय रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था के तहत चलाए जा रहे विशेष जांच अभियान में आरपीएफ रांची मंडल को बड़ी सफलता मिली है। चलती ट्रेन में अवैध देशी पिस्तौल लहराकर यात्रियों को धमकाने वाले दो अपराधियों को आरपीएफ ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से एक अवैध देशी पिस्तौल और 7.65 एमएम का जिंदा कारतूस बरामद किया गया है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!जानकारी के अनुसार, रेल सुरक्षा बल रांची मंडल के कमांडेंट पवन कुमार के निर्देश पर ट्रेनों एवं रेलवे परिसरों में लगातार सुरक्षा जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 07 मई 2026 को ट्रेन संख्या 18615 हावड़ा-हटिया क्रियायोगा एक्सप्रेस में आरपीएफ पोस्ट रांची की एस्कॉर्ट टीम चांडिल से हटिया तक ड्यूटी पर तैनात थी।
ड्यूटी के दौरान कीता रेलवे स्टेशन पार करने के बाद सामान्य कोच से अफरा-तफरी और शोर-शराबे की आवाज सुनाई दी। मौके पर पहुंची आरपीएफ टीम ने देखा कि एक युवक अवैध देशी पिस्तौल लहराकर यात्रियों को धमका रहा था, जबकि उसका साथी यात्रियों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग कर रहा था। दोनों की हरकतों से कोच में भय और दहशत का माहौल बन गया।
आरपीएफ टीम ने तत्परता दिखाते हुए दोनों आरोपियों को दबोच लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से एक अवैध देशी पिस्तौल और 7.65 एमएम का एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ। पूछताछ में आरोपियों की पहचान अकीब खान (21 वर्ष) और रेहान खान (20 वर्ष) के रूप में हुई। दोनों रांची के बड़ियातू जोड़ा तालाब स्थित सरताज कॉलोनी के निवासी बताए गए हैं।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि उन्हें हथियार और कारतूस टाटानगर रेलवे स्टेशन के पास एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा उपलब्ध कराया गया था। दोनों आरोपी उक्त हथियार को रांची के स्थानीय क्षेत्र में सप्लाई करने वाले थे। यात्रियों द्वारा हथियार देख लिए जाने के बाद उन्होंने पिस्तौल लहराकर यात्रियों को धमकाना शुरू कर दिया था।
घटना की सूचना मिलते ही आरपीएफ पोस्ट रांची, आरपीएफ अपराध शाखा (सीआईबी) तथा अन्य अधिकारियों की टीम रांची रेलवे स्टेशन पहुंची। एएसआई भुतेश झा द्वारा हथियार और कारतूस को विधिवत जब्त किया गया तथा दोनों आरोपियों के खिलाफ आरपीएफ अधिनियम की धारा 12 के तहत कार्रवाई की गई।
सभी कानूनी प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद दोनों आरोपियों को बरामद हथियार एवं कारतूस के साथ आगे की कार्रवाई के लिए जीआरपी रांची को सौंप दिया गया। जीआरपी रांची ने शस्त्र अधिनियम 1959 की धारा 25(1B)(a)/27/35 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।















