विश्व बुजुर्ग दुर्व्यवहार जागरूकता दिवस: सिमडेगा में डालसा ने आयोजित किया विधिक जागरूकता शिविर
जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डालसा), सिमडेगा के तत्वावधान में रविवार को विश्व बुजुर्ग दुर्व्यवहार जागरूकता दिवस के अवसर पर जिला मुख्यालय स्थित वृद्धा आश्रम में एक विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह डालसा अध्यक्ष राजीव कुमार सिन्हा के निर्देश पर किया गया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!शिविर में डालसा के पारा लीगल वॉलेंटियर्स (पीएलवी) ने वृद्धजनों को उनके अधिकारों और कानूनी प्रावधानों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। पीएलवी ने बताया कि 15 जून को विश्व बुजुर्ग दुर्व्यवहार जागरूकता दिवस के रूप में मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य बुजुर्गों के साथ होने वाले मौखिक, शारीरिक या भावनात्मक दुर्व्यवहार के प्रति समाज को जागरूक करना है। उन्होंने समाज से अपील की कि बुजुर्गों का सम्मान करें, उनके साथ समय बिताएं और उनकी देखभाल करें, जैसे उन्होंने अपने बच्चों को प्यार और सम्मान दिया।
कार्यक्रम में उपस्थित वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि जिस प्रकार माता-पिता अपने बच्चों का पालन-पोषण करते हैं, उसी तरह हमें भी अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए बुजुर्गों की देखभाल और सम्मान करना चाहिए। पीएलवी ने बुजुर्गों से संबंधित कानूनी अधिकारों, जैसे कि रखरखाव और कल्याण अधिनियम, 2007 के तहत उपलब्ध प्रावधानों के बारे में भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह जागरूकता दिवस बुजुर्गों के साथ होने वाले अन्याय के खिलाफ समाज को शिक्षित करने के लिए समर्पित है।
कार्यक्रम में पीएलवी दीपक कुमार, अजित केरकेट्टा, सुरजीत प्रसाद, पुरुषोत्तम दास, रोशन कुल्लू सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। इस आयोजन ने न केवल बुजुर्गों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया, बल्कि समाज में उनकी गरिमा और सम्मान को बढ़ावा देने का संदेश भी दिया।

















