शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल लापरवाही मामला उलझा, भाजपा नेता अर्जुन साव हिरासत में, सांसद मनीष जायसवाल धरने पर
झारखंड के हजारीबाग स्थित शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में लापरवाही और अनियमितता का मामला दिन-ब-दिन उलझता जा रहा है। इस मामले को उजागर करने वाले भाजपा नेता और समाजसेवी अर्जुन साव को बीती देर रात सदर थाना पुलिस ने हिरासत में ले लिया। पुलिस ने बिना किसी नोटिस या एफआईआर के उन्हें उनके घर से उठाकर थाने लाया, जहां उनसे पूछताछ की जा रही है। इस घटना से भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!इस घटना के विरोध में हजारीबाग के भाजपा सांसद मनीष जायसवाल, विधायक प्रदीप प्रसाद और सैकड़ों भाजपा समर्थक सदर थाना परिसर पहुंचे। उन्होंने थाना प्रभारी से वार्ता की, लेकिन बात नहीं बनने पर सभी थाना परिसर में ही धरने पर बैठ गए। धरने के दौरान भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने झारखंड सरकार और स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ नारेबाजी की।
भाजपा सांसद मनीष जायसवाल ने इस मामले पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा, “झारखंड सरकार और स्वास्थ्य मंत्री अन्याय कर रहे हैं। अस्पताल की समस्याओं को उठाने वाले और चिकित्सकों से बात करने वाले समाजसेवी अर्जुन साव को बिना नोटिस या एफआईआर के देर रात घर से उठाकर हिरासत में लिया गया। यह पूरी तरह से असंवैधानिक और अन्यायपूर्ण है। हमारे संविधान में ऐसी कार्रवाई का कोई उल्लेख नहीं है।”
उन्होंने आगे कहा, “राज्य सरकार स्वास्थ्य विभाग और आम जनता की आवाज को दबाने का काम कर रही है, लेकिन हम इसे बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेंगे। हम अन्याय के खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।”
शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में हाल ही में एक गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया था, जहां 4 जून की रात एक प्रसव पीड़ा से तड़प रही गर्भवती महिला को समय पर चिकित्सीय सहायता नहीं मिली। परिजनों ने ऑपरेशन थिएटर का दरवाजा खटखटाया, लेकिन चिकित्सकों और नर्सों की ओर से कोई मदद नहीं की गई। इस घटना ने अस्पताल प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए थे, जिसे भाजपा नेता अर्जुन साव ने उजागर किया।
इस मामले में हजारीबाग के उपायुक्त ने शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के अधीक्षक को तत्काल जांच टीम गठित करने और विस्तृत रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटना दुर्भाग्यपूर्ण है और जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

















