खूंटी में जंगली हाथी का आतंक: तीन कच्चे मकान ढहाए, परिवारों ने भागकर बचाई जान

खूंटी: जिले के रनिया थाना क्षेत्र में जंगली हाथियों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। मंगलवार देर रात एक विशाल जंगली हाथी ने जयपुर पंचायत के ब्लंकेल टोंगरी टोली गांव में घुसकर तीन कच्चे मकानों को ध्वस्त कर दिया। घटना में किसी की जान नहीं गई, लेकिन तीन परिवारों का आशियाना उजड़ गया और घरों में रखा अनाज, बर्तन समेत अन्य घरेलू सामान नष्ट हो गया।
ग्रामीणों के अनुसार, रात करीब 10 बजे हाथी सबसे पहले चरका नाग के कच्चे मकान में घुसा और उसे पूरी तरह तोड़ दिया। उस समय परिवार के सदस्य घर के अंदर सो रहे थे। अचानक तेज आवाज सुनकर सभी की नींद खुली और वे किसी तरह पलंग के नीचे छिप गए। मौका मिलते ही परिवार के लोग बाहर निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रहे।
इसके बाद हाथी ने लक्ष्मण नायक और घुरण नायक के कच्चे मकानों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। हाथी के कई घंटों तक गांव में उत्पात मचाने से पूरे इलाके में दहशत का माहौल बना रहा। बाद में ग्रामीणों ने एकजुट होकर काफी मशक्कत के बाद हाथी को गांव से बाहर खदेड़ा।
बरसात में बेघर हुए परिवार
मकान ढहने के बाद प्रभावित परिवारों के सामने सबसे बड़ी चुनौती रहने की है। बरसात के मौसम में खुले आसमान के नीचे रहने की मजबूरी ने उनकी चिंता बढ़ा दी है। पीड़ितों ने प्रशासन से तत्काल राहत, मुआवजा और पुनर्वास की मांग की है।
जनप्रतिनिधियों ने लिया जायजा
घटना की सूचना मिलते ही भाजपा नेता सीताराम नाग, बालचन्द कांशी तथा विधायक प्रतिनिधि सुरेश कोंनगाड़ी गांव पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर नुकसान का जायजा लिया और सरकारी मुआवजा तथा हरसंभव सहायता दिलाने का भरोसा दिया।
ग्रामीणों का कहना है कि पिछले चार वर्षों से क्षेत्र में जंगली हाथियों का आतंक लगातार जारी है। उन्होंने वन विभाग और प्रशासन से हाथियों के स्थायी समाधान के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की है।

















