रोहित-गिल की दमदार शुरुआत बेकार, 388 रन के लक्ष्य के सामने भारत की चुनौती हुई नाकाम, इंग्लैंड ने लॉर्ड्स में भारत को हराया

लॉर्ड्स में खेले गए हाई-स्कोरिंग मुकाबले में इंग्लैंड ने भारत को 388 रन का विशाल लक्ष्य दिया और आखिरकार टीम इंडिया को हार का सामना करना पड़ा। भारतीय टीम की शुरुआत बेहद शानदार रही और कप्तान शुभमन गिल तथा रोहित शर्मा ने पहले विकेट के लिए 147 रन जोड़कर जीत की मजबूत नींव रखी।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!गिल ने 77 रन की महत्वपूर्ण पारी खेली, जबकि रोहित शर्मा ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 138 रन बनाए। गिल के आउट होने के बाद विराट कोहली ने मोर्चा संभाला और रोहित के साथ दूसरे विकेट के लिए 113 रन की साझेदारी की। एक समय भारत मुकाबले में पूरी तरह बना हुआ दिख रहा था, लेकिन रोहित के आउट होते ही पारी की रफ्तार टूट गई।
कोहली ने भी शानदार बल्लेबाजी करते हुए 60 गेंदों में 74 रन बनाए, लेकिन उन्हें दूसरे छोर से अपेक्षित सहयोग नहीं मिला। मध्यक्रम पूरी तरह लड़खड़ा गया। ईशान किशन 14 रन बनाकर आउट हुए, जबकि श्रेयस अय्यर बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। केएल राहुल ने 12 और अक्षर पटेल ने केवल 2 रन बनाए। नतीजतन भारत लक्ष्य से पीछे रह गया। इंग्लैंड की ओर से सैम करन सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने चार विकेट लेकर भारतीय बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी।
इससे पहले टॉस जीतकर बल्लेबाजी करने उतरी इंग्लैंड की टीम ने 50 ओवर में तीन विकेट खोकर 387 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। यह लॉर्ड्स में किसी टीम द्वारा बनाया गया सबसे बड़ा वनडे स्कोर भी रहा। इंग्लैंड को बेन डकेट और जैकब बेथेल ने विस्फोटक शुरुआत दिलाई। दोनों बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 192 रन की साझेदारी कर भारतीय गेंदबाजों को पूरी तरह दबाव में रखा। बेथेल 91 रन बनाकर आउट हुए, जबकि डकेट ने 141 रन की शानदार शतकीय पारी खेली।

इसके बाद जो रूट ने अपनी शानदार फॉर्म जारी रखते हुए नाबाद 74 रन बनाए। वहीं जोस बटलर ने महज 13 गेंदों में 41 रन ठोककर इंग्लैंड की पारी को विस्फोटक अंत दिया। रूट और बटलर के बीच सिर्फ 19 गेंदों में 63 रन की तेज साझेदारी हुई, जिसने इंग्लैंड के स्कोर को 387 तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
भारतीय गेंदबाजी पूरी तरह संघर्ष करती नजर आई। प्रसिद्ध कृष्णा ने दो विकेट हासिल किए, जबकि प्रिंस यादव को एक सफलता मिली। गुरनूर बरार, अर्शदीप सिंह और अक्षर पटेल कोई विकेट नहीं ले सके और सभी ने जमकर रन खर्च किए।
रोहित शर्मा के शानदार शतक और शीर्ष क्रम की मजबूत शुरुआत के बावजूद भारतीय टीम लक्ष्य हासिल नहीं कर सकी। मध्यक्रम की विफलता और इंग्लैंड के बल्लेबाजों की आक्रामक बल्लेबाजी इस मुकाबले में निर्णायक साबित हुई।

















