मिडिल ईस्ट संकट के बीच प्रीमियम पेट्रोल महंगा: 2 से 2.30 रुपये प्रति लीटर बढ़ी कीमत, नॉर्मल पेट्रोल-डीजल स्थिर
नई दिल्ली : मिडिल ईस्ट में जारी भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल के बीच भारत में प्रीमियम पेट्रोल के दामों में बढ़ोतरी कर दी गई है। ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) ने HPCL के ‘पावर पेट्रोल’ और IOCL के ‘XP95’ जैसे ब्रांडेड प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में 2 से 2.30 रुपये प्रति लीटर तक का इजाफा किया है। यह बढ़ोतरी आज यानी 20 मार्च 2026 से ही लागू हो गई है।
हालांकि, सामान्य पेट्रोल और डीजल के रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जिससे आम उपभोक्ताओं को फिलहाल राहत मिली है। प्रीमियम पेट्रोल का इस्तेमाल मुख्य रूप से हाई-परफॉर्मेंस इंजन वाली गाड़ियों में बेहतर इंजन परफॉर्मेंस, क्लीनर कम्बशन और थोड़ा अधिक माइलेज के लिए किया जाता है।
विश्व स्तर पर ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें $100-110 प्रति बैरल के आसपास पहुंच गई हैं, जो मिडिल ईस्ट (खासकर ईरान-इजरायल तनाव) से जुड़े संघर्ष के कारण है। इससे ग्लोबल फ्यूल मार्केट पर दबाव बढ़ा है। OMCs ने प्रीमियम वैरिएंट पर ही यह बढ़ोतरी लागू की है, जबकि रेगुलर पेट्रोल-डीजल को स्थिर रखकर उपभोक्ताओं पर बोझ कम करने की कोशिश की गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर कच्चा तेल $110 से ऊपर बना रहता है या संघर्ष और गहराता है, तो आगे रेगुलर फ्यूल पर भी असर पड़ सकता है। फिलहाल सरकार और OMCs ने आम पेट्रोल-डीजल को स्थिर रखने का प्रयास किया है, लेकिन स्थिति पर नजर बनी हुई है।
उपभोक्ताओं को सलाह है कि प्रीमियम पेट्रोल का इस्तेमाल अपनी गाड़ी की जरूरत के अनुसार ही करें, क्योंकि यह पहले से ही महंगा होता है और अब और महंगा हो गया है।


















