लेटाबेड़ा शिव मंदिर के वार्षिक उत्सव का शुभारंभ: पहले दिन कलश यात्रा में उमड़ी भक्तों की भारी भीड़
शंभू कुमार सिंह
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!झारखंड के सिमडेगा जिले के बोलबा प्रखंड स्थित लेटाबेड़ा गांव में स्थित प्राचीन शिव मंदिर (सह बजरंगबली मंदिर) का तीन दिवसीय वार्षिक उत्सव धूमधाम से शुरू हो गया है। उत्सव के पहले दिन ही श्रद्धालुओं की अपार भीड़ ने मंदिर परिसर को भक्ति से भर दिया।
कलश यात्रा का भव्य आयोजन
आज सुबह दानगद्दी शंख नदी से भव्य कलश यात्रा निकाली गई। इस यात्रा का नेतृत्व बाबा उमाकांत जी महराज, विश्व हिन्दू परिषद के अध्यक्ष कौशल राज सिंह देव, श्यामा सुन्दर मिश्रा और सुबोध महतो ने किया। हजारों की संख्या में श्रद्धालु कलश लेकर भक्ति भाव से शामिल हुए और भोलेनाथ का जयकारा लगाते हुए मंदिर तक पहुंचे। यह दृश्य देखकर पूरा इलाका भक्ति की लहर में डूब गया।
आगामी कार्यक्रमों की जानकारी
आयोजन समिति ने बताया कि उत्सव का पूरा कार्यक्रम इस प्रकार है:
11 जनवरी (पहला दिन): सुबह 9 बजे दानगद्दी शंख नदी से कलश यात्रा (पूरी हो चुकी है)। संध्या में अधिवास पूजन और रात्रि 8 बजे से 36 घंटे की अखंड हरिकीर्तन शुरू होगी।
12 जनवरी (दूसरा दिन): भगवान गणेश मूर्ति की स्थापना, जलाभिषेक, फलाभिषेक, अन्नाभिषेक एवं प्राण प्रतिष्ठा। संध्या 7 बजे महा आरती और रात्रि 8 बजे से बनारस के प्रसिद्ध कथा वाचक सनातन पाठक द्वारा प्रवचन।
13 जनवरी (तीसरा दिन): प्रातः में नाम यज्ञ समापन, नगर भ्रमण, दधि भंजन, हवन पूजन, पूर्णाहुति, आरती, प्रसाद वितरण एवं महा भंडारा।
मुख्य अतिथि और विशेष अतिथि
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विश्व हिन्दू परिषद के अध्यक्ष कौशल राज सिंह देव तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में बाबा उमाकांत जी महराज और कथा वाचक सनातन पाठक सहित कई वरिष्ठ संत-महात्मा और स्थानीय गणमान्य व्यक्ति आमंत्रित हैं।
आयोजन समिति के योगदान
संरक्षक हीरालाल प्रधान, रामशुभग प्रधान, पुरणचंद्र प्रधान, अध्यक्ष बीरेंद्र प्रधान, सचिव शहदेव प्रधान, कोषाध्यक्ष अमीषा एक्का, सदस्य रेशमा देवी, सुनीता देवी, दीना प्रधान, फूल सिंह, सिकंदर लोहरा, सेवक प्रधान, कृष्णा प्रधान, बाकूल लोहरा, सकिंन्द्र प्रधान सहित समिति के सभी सदस्य पूरे उत्सव को सफल बनाने में जुटे हुए हैं। सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और भक्तों से अपील है कि वे भक्ति भाव से शामिल हों और इस पवित्र उत्सव का हिस्सा बनें।

















