आईआईटीएफ 2025: झारखंड पैविलियन में महिला-निर्मित उत्पाद बने आकर्षण का केंद्र, तसर सिल्क लाइव डेमो ने खींचा सबका ध्यान
नई दिल्ली : प्रगति मैदान में चल रहे 44वें भारत अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले (IITF-2025) के चौथे दिन झारखंड पैविलियन दर्शकों के लिए सबसे बड़ा आकर्षण बना हुआ है। इस बार झारखंड सरकार ने पैविलियन का थीम “महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों को बढ़ावा” रखा है, जिसके चलते राज्य की हजारों ग्रामीण एवं आदिवासी महिलाओं की मेहनत और कारीगरी राष्ट्रीय स्तर पर सराही जा रही है।
लाइव तसर सिल्क डेमोनस्ट्रेशन ने लूटा दिल
पैविलियन का सबसे बड़ा हाईलाइट लाइव तसर सिल्क डेमो है। यहां प्रशिक्षित महिला कारीगर कोकून को उबालकर उससे रेशम धागा निकालने से लेकर करघे पर “तम्सुम” कपड़ा बुनने की पूरी प्रक्रिया को जीवंत रूप में दिखा रही हैं। आगंतुक इस पारंपरिक प्रक्रिया को देखकर आश्चर्यचकित हो रहे हैं और सेल्फी व वीडियो बनाना नहीं भूल रहे। यह प्रदर्शन झारखंड के विश्व प्रसिद्ध तसर उद्योग में महिलाओं की अहम भूमिका को भी रेखांकित कर रहा है।
लाख की चूड़ियां भी छाई रहीं
पैविलियन में झबर मल द्वारा संचालित लाख चूड़ी स्टॉल पर दिल्ली-NCR की महिलाओं की खासी भीड़ देखी गई। झबर मल ने बताया कि उनके संगठन से जुड़ी करीब 400 महिलाएं यह पारंपरिक हस्तकला कर रही हैं और हर साल नए-नए डिज़ाइन लेकर आती हैं। पिछले चार साल से लगातार IITF में हिस्सा ले रहे इस स्टॉल पर इस बार भी आधुनिक व ट्रेडिशनल दोनों तरह के डिज़ाइन उपलब्ध हैं।
स्वयं सहायता समूहों की रंगारंग प्रस्तुति
पैविलियन में राज्य के विभिन्न जिलों से आए महिला स्वयं सहायता समूहों के स्टॉल पर हस्तनिर्मित तसर सिल्क साड़ियां, दुपट्टे, स्टोल, कुशान, होम डेकोर आइटम, जैविक उत्पाद, धोक्रा क्राफ्ट, बांस के उत्पाद और आदिवासी ज्वेलरी आदि सजाए गए हैं। इन उत्पादों में झारखंड की सांस्कृतिक विविधता, उच्च गुणवत्ता और परंपरागत शिल्पकला साफ झलक रही है।
झारखंड पैविलियन इस बार सिर्फ उत्पाद प्रदर्शनी नहीं, बल्कि महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भर झारखंड की जीती-जागती मिसाल बन गया है। मेले में आने वाले हर आगंतुक यही कहते नजर आ रहे हैं कि “झारखंड की महिलाएं कमाल कर रही हैं!”
भारत अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेला 14 से 27 नवंबर 2025 तक चलेगा। हॉल नंबर 3 (झारखंड पैविलियन) जरूर घूमें और राज्य की महिलाओं के हुनर को करीब से देखें।


















