JMM's 'mission mode' regarding SIR

JMM का ‘मिशन मोड’: SIR और जनगणना को लेकर बूथ स्तर तक संगठन को धार देने में जुटी पार्टी

JMM's 'mission mode' regarding SIR

WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

रांची:नझारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) ने आगामी जनगणना और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया को लेकर अपनी रणनीति तेज कर दी है। पार्टी अब पूरी तरह से ‘मिशन मोड’ में काम कर रही है, जिसका लक्ष्य पंचायत से लेकर बूथ स्तर तक संगठन को अभेद्य बनाना है।

JMM का बूथ लेवल एजेंटों (BLA) पर विशेष फोकस

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश पर, पार्टी के केंद्रीय महासचिव सह प्रवक्ता विनोद पांडेय राज्यव्यापी दौरों पर हैं। उनका मुख्य उद्देश्य पार्टी के पदाधिकारियों और विशेष रूप से बूथ लेवल एजेंटों (BLA) को SIR की बारीकियों से अवगत कराना है। पार्टी का मानना है कि प्रशासनिक स्तर पर होने वाली तकनीकी प्रक्रियाओं का असर सीधे चुनावी राजनीति पर पड़ता है, इसलिए संगठन का हर स्तर पर सतर्क रहना अनिवार्य है।

इसे भी पढ़े : धनबाद में अनोखी पहल: पहली माहवारी पर किशोरियों का दीप जलाकर और तिलक लगाकर हुआ सम्मान

JMM का BJP पर हमला: ‘अधिकारों पर सुनियोजित प्रहार’ का आरोप

झामुमो महासचिव विनोद पांडेय ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाते हुए इसे गरीबों के अधिकारों पर हमला बताया है। उन्होंने कहा, *”यह केवल प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं है। बिहार और पश्चिम बंगाल में हमने देखा है कि कैसे ‘लॉजिकल डिसक्रिपेंसी’ (Logical Discrepancy) के नाम पर लाखों लोगों के नाम वोटर लिस्ट से काटे गए और राशन कार्ड रद्द किए गए।”
पार्टी का आरोप है कि भाजपा की नीति पहले जन-कल्याणकारी योजनाओं को बाधित करने की है और फिर उसी के आधार पर राज्य सरकार को बदनाम करने की है।

संगठनात्मक बैठकों का सिलसिला जारी

पार्टी ने बूथ स्तर तक सक्रियता सुनिश्चित करने के लिए बैठकों का एक सघन कार्यक्रम तैयार किया है:

सफलतापूर्वक संपन्न: 25 मई को लोहरदगा और 26 मई को गुमला में सांगठनिक बैठकें पूरी की जा चुकी हैं।

आगामी शेड्यूल:

2 जून: पश्चिम सिंहभूम
3 जून: पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां
4 जून:सिमडेगा

राजनीतिक गलियारों में चर्चा

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हाल ही में संपन्न दो दिवसीय बैठक (20-21 अप्रैल, 2026) के बाद से ही पार्टी के रुख में आक्रामकता देखी जा रही है। झामुमो का यह अभियान दोहरे उद्देश्य के साथ चल रहा है—एक ओर संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करना और दूसरी ओर जनता को जागरूक कर BJP के कथित “षड्यंत्रों” का पर्दाफाश करना।

इसे भी पढ़े : बांग्लादेश में ‘डोनाल्ड ट्रंप’ की कुर्बानी पर रोक, अब नेशनल जू में होगी देखभाल

नई और ताज़ा खबरों के लिए जुड़े रहें — Drishti Now