Dhanbad sablok nikhar

धनबाद : निरसा एनकाउंटर ,फार्महाउस से हथियार-कारतूस बरामद, फरार शूटरों की तलाश में झारखंड-बंगाल-बिहार-UP तक पुलिस की दबिश

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निरसा एनकाउंटर के बाद SFSL ने घटनास्थल की जांच की। पुलिस ने हथियार-कारतूस बरामद किए हैं और फरार साथियों की तलाश में छापेमारी तेज कर दी है। सागर सिंह उर्फ शिबू निखार सबलोक और नीरज सिंह हत्याकांड से जुड़ा आरोपी है।

 

धनबाद/निरसा। धनबाद के निरसा थाना क्षेत्र के हाथबाड़ी में पुलिस और कुख्यात शूटर सागर सिंह उर्फ शिबू के बीच हुई मुठभेड़ के बाद जांच का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। मुठभेड़ स्थल और आसपास के इलाके में फॉरेंसिक टीम ने जांच कर भौतिक साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस ने हथियार और कारतूस बरामद करने का दावा किया है। वहीं, मौके से फरार हुए आरोपियों की तलाश में पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं।

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मुठभेड़ में घायल हुआ सागर सिंह उर्फ शिबू

पुलिस के अनुसार, उत्तर प्रदेश के सुलतानपुर निवासी सागर सिंह उर्फ विजय सिंह उर्फ शिबू निरसा के हाथबाड़ी स्थित एक आवास/फार्महाउस में छिपा हुआ था। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने बुधवार शाम वहां घेराबंदी की। पुलिस का दावा है कि खुद को घिरता देख शिबू ने पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी।

घायल शिबू को गिरफ्तार कर इलाज के लिए एसएनएमएमसीएच भेजा गया। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, मुठभेड़ के दौरान शिबू के साथ मौजूद दो साथी पुलिस पर फायरिंग करते हुए फरार हो गए, जबकि कुछ अन्य लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है।

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SFSL ने खंगाला पूरा घटनास्थल

मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। रांची से पहुंची SFSL टीम ने घटनास्थल से भौतिक और अन्य संभावित साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने हथियार और कारतूस बरामद किए हैं और अब इनकी जांच की जा रही है कि इनका इस्तेमाल किसी पूर्व आपराधिक घटना में हुआ है या नहीं।

पुलिस ने शमशाद खान के आवास से CCTV फुटेज और DVR भी जब्त किया है। इससे यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि शिबू वहां कब पहुंचा, उसके साथ कौन-कौन लोग थे और घटना से पहले तथा बाद में वहां कौन-कौन आया-जाया।

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जंगल और झाड़ियों में भी तलाशी

पुलिस ने शिबू से पूछताछ और उसकी निशानदेही के आधार पर आसपास के जंगल और झाड़ियों में भी तलाशी अभियान चलाया। रिपोर्टों के अनुसार, इसी दौरान हथियार और कारतूस बरामद किए गए हैं। बरामद हथियारों का सत्यापन और फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है।

यह जांच इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि बरामद हथियारों का संबंध निखार सबलोक हत्याकांड अथवा किसी अन्य आपराधिक घटना से है या नहीं।

फरार साथियों की तलाश में कई जगह छापेमारी

मुठभेड़ के दौरान फरार हुए आरोपियों की तलाश में पुलिस ने छापेमारी तेज कर दी है। संभावित ठिकानों के साथ-साथ दूसरे राज्यों में भी आरोपियों की तलाश की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि फरार आरोपी किस रास्ते से निकले और उन्हें किसने मदद पहुंचाई।

जांच एजेंसियां शिबू के स्थानीय संपर्कों और उसके नेटवर्क को भी खंगाल रही हैं। पुलिस का मुख्य फोकस यह पता लगाना है कि उत्तर प्रदेश का यह शूटर धनबाद में किन लोगों के संपर्क में था और उसे यहां ठहराने तथा हथियार उपलब्ध कराने में किसकी भूमिका थी।

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निखार सबलोक हत्याकांड से जुड़ा है शिबू का नाम

सागर सिंह उर्फ शिबू का नाम 24 अगस्त 2026 को चांडिल थाना क्षेत्र के एनएच-33 स्थित टेंथ माइल स्टोन होटल के पास हुए व्यवसायी निखार सबलोक हत्याकांड की जांच में मुख्य शूटर के रूप में सामने आया था। हत्या के बाद से पुलिस उसकी तलाश कर रही थी।

पुलिस जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर इस मामले में कई गिरफ्तारियां पहले ही हो चुकी हैं। अब शिबू की गिरफ्तारी के बाद पुलिस उससे पूछताछ कर हत्या की साजिश, शूटरों के नेटवर्क, हथियारों की व्यवस्था और हत्या के पीछे के लोगों तक पहुंचने की कोशिश करेगी।

नीरज सिंह हत्याकांड में भी आरोपी रहा है शिबू

सागर सिंह उर्फ शिबू का नाम धनबाद के पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह हत्याकांड में भी सामने आया था। 21 मार्च 2017 को सरायढेला इलाके में नीरज सिंह और उनके तीन साथियों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।

इस मामले में शिबू पर शूटर की भूमिका से जुड़े आरोप लगे थे। बाद में वह इस मामले में जेल भी गया था। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, अब वह निखार सबलोक हत्याकांड में भी वांछित था।

शमशाद खान के ठिकाने की भूमिका भी जांच के घेरे में

पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि शिबू को हाथबाड़ी में ठहरने की सुविधा किसने उपलब्ध कराई। जिस मकान/फार्महाउस में वह छिपा था, उसके मालिक शमशाद खान से जुड़े पहलुओं की भी जांच की जा रही है।

हालांकि शमशाद खान की भूमिका को लेकर सामने आ रहे कई आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी जरूरी है। इसलिए जांच पूरी होने से पहले यह कहना जल्दबाजी होगी कि वह शिबू की आपराधिक गतिविधियों में सीधे तौर पर शामिल था।

अब इन सवालों के जवाब तलाश रही पुलिस

निरसा मुठभेड़ के बाद पुलिस के सामने कई अहम सवाल हैं

शिबू को हाथबाड़ी में किसने पनाह दी?
वह कितने दिनों से वहां रह रहा था?
उसके साथ मौजूद फरार आरोपी कौन हैं?
बरामद हथियारों का इस्तेमाल किन घटनाओं में हुआ?
CCTV और DVR से क्या जानकारी मिलती है?
शिबू धनबाद में किस वारदात की तैयारी कर रहा था?
निखार सबलोक हत्याकांड से जुड़े और कौन लोग इस नेटवर्क में शामिल हैं?

फिलहाल पुलिस शिबू के स्वस्थ होने के बाद उससे विस्तृत पूछताछ की तैयारी कर रही है। फॉरेंसिक रिपोर्ट, CCTV फुटेज, बरामद हथियारों की जांच और गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर इस पूरे नेटवर्क की अगली कड़ी सामने आने की उम्मीद है।

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गोविंद मोदक

गोविंद मोदक

रिपोर्टर

पत्रकार | न्यूज़ रिपोर्टर | मीडिया प्रोफेशनल गोविंद मोदक धनबाद, झारखंड के पत्रकार हैं और उन्हें पत्रकारिता एवं मीडिया क्षेत्र में लगभग 6 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने अपराध, राजनीति, सामाजिक एवं नागरिक मुद्दों, जनसरोकार और जमीनी स्थानीय खबरों पर रिपोर्टिंग की है। उन्होंने Newz India 24, TV45 Satellite Channel, DHN24, Vande Bharat News, Chanakya News India Jharkhand और Bharatmitra News जैसे मीडिया प्लेटफॉर्म्स के साथ कार्य किया है। उनकी पत्रकारिता तथ्यपरक, जिम्मेदार और जमीनी रिपोर्टिंग पर केंद्रित है, जिसमें आम लोगों के मुद्दों को प्रमुखता से सामने लाना शामिल है। मुख्य विशेषज्ञता: अपराध एवं राजनीतिक रिपोर्टिंग • जमीनी पत्रकारिता • सामाजिक एवं नागरिक मुद्दे • जनसरोकार • प्रभावी संवाद एवं नेटवर्किंग