‘माइंस’ से ‘माइंड्स’ की ओर बढ़ेगा झारखंड, 14 बड़े MoU पर हस्ताक्षर; मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पेश किया विकास का विजन

रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने गुरुवार को नेशनल स्टेकहोल्डर्स कंसल्टेशन के समापन सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि झारखंड को अब केवल खनिज संपदा (Mines) के लिए नहीं, बल्कि बौद्धिक क्षमता और तकनीकी नवाचार (Minds) के लिए भी पहचान दिलाना सरकार का संकल्प है। उन्होंने कहा कि राज्य को रिसर्च, इनोवेशन और नई तकनीकों का केंद्र बनाने के लिए दीर्घकालिक योजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कार्यक्रम के दौरान झारखंड सरकार ने डिजिटल गवर्नेंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और तकनीकी नवाचार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिंदल ग्रुप, टाटा समूह, गूगल, वरुण बेवरेजेस, ईज माय ट्रिप, जनरल स्टील, पावर न्यूक्लियर समेत विभिन्न संस्थानों के साथ कुल 14 महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापनों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए। साथ ही कई विभागों की ड्राफ्ट नीतियों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ये एमओयू केवल कागजी समझौते नहीं, बल्कि झारखंड के उज्ज्वल भविष्य की नींव हैं। उन्होंने कहा कि सरकार केवल नीतियां नहीं बना रही, बल्कि विकास की नई संभावनाओं के द्वार खोल रही है।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी परियोजनाओं को तय समयसीमा के भीतर धरातल पर उतारा जाए। सरकार शॉर्ट-टर्म योजनाओं के बजाय लॉन्ग-टर्म पार्टनरशिप के माध्यम से राज्य के समग्र विकास पर जोर दे रही है।
मुख्यमंत्री ने जियाडा (JIADA) के तहत आदिवासी समुदाय को मिलने वाली 25 प्रतिशत रियायत का उल्लेख करते हुए इसे बढ़ाकर 50 प्रतिशत तक करने की संभावनाओं पर विचार करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि राज्य के आदिवासी समाज को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
हेमंत सोरेन ने यह भी स्वीकार किया कि अतीत में संवाद की कमी के कारण झारखंड की वास्तविक क्षमता दुनिया के सामने नहीं आ सकी। अब सरकार निवेशकों, उद्योग जगत और वैश्विक संस्थाओं के साथ लगातार संवाद बनाए रखते हुए राज्य को निवेश और नवाचार का प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में काम कर रही है।
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने सभी उद्योगपतियों, निवेशकों, तकनीकी विशेषज्ञों और नीति निर्माताओं का आभार जताते हुए झारखंड के विकास में सहभागी बनने का आह्वान किया।
















