स्प्री योजना 2025 पर ईएसआईसी और झारखण्ड चैम्बर की संयुक्त कार्यशाला
झारखण्ड चैम्बर ऑफ कॉमर्स और कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) के संयुक्त तत्वावधान में आज चैम्बर भवन में स्कीम फॉर प्रमोशन ऑफ रजिस्ट्रेशन ऑफ एम्प्लॉयर्स एंड एम्प्लॉईज (स्प्री) 2025 के क्रियान्वयन हेतु एक जागरूकता कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में ईएसआईसी के पूर्वी क्षेत्र के बीमा आयुक्त श्री प्रणय सिन्हा, उप निदेशक श्री राजेन्द्र टुडू, और सहायक निदेशक श्री अभिषेक कुमार सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।
स्प्री योजना का उद्देश्य अपंजीकृत नियोक्ताओं और उनके पात्र कर्मचारियों के स्व-पंजीकरण को प्रोत्साहित करना है। यह योजना 1 जुलाई 2025 से 31 दिसंबर 2025 तक प्रभावी रहेगी। बीमा आयुक्त श्री प्रणय सिन्हा ने नियोक्ताओं से इस योजना का लाभ उठाने की अपील करते हुए बताया कि इस अवधि में कोई दंडात्मक जाँच या जुर्माना नहीं लगाया जाएगा। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि झारखण्ड में वर्तमान में 7 लाख बीमित व्यक्ति (आईपी) हैं, और यह संख्या 10 लाख पार करने पर जमशेदपुर में एक सब-रीजनल ऑफिस खोला जाएगा।
झारखण्ड चैम्बर के अध्यक्ष परेश गट्टानी ने ईएसआईसी के नवनिर्मित अस्पताल में सभी मूलभूत सुविधाएँ शीघ्र उपलब्ध कराने का आग्रह किया और नियोक्ताओं की शिकायतों से अवगत कराया। चैम्बर महासचिव श्री आदित्य मल्होत्रा ने स्प्री योजना के प्रचार-प्रसार के लिए सभी जिलों में कार्यशालाएँ आयोजित करने का सुझाव दिया और इसके लिए चैम्बर के पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। उपाध्यक्ष श्री राहुल साबू ने क्लेम रिम्बर्समेंट प्रक्रिया की जानकारी माँगी और प्रसव सहायता राशि (वर्तमान में 15,000 रुपये) को बढ़ाने का सुझाव दिया, क्योंकि यह राशि मौजूदा परिस्थितियों में अपर्याप्त है।
उप निदेशक राजेन्द्र टुडू ने बताया कि ईएसआईसी 1 अक्टूबर 2025 से 30 सितंबर 2026 तक एमनेस्टी स्कीम लागू करेगा, जिसके तहत 32,000 से अधिक लंबित न्यायालयी मामलों का समाधान किया जाएगा। सह-सचिव श्री विकास विजयवर्गीय ने पूछा कि क्या पूर्व में नोटिस प्राप्त नियोक्ता स्प्री योजना का लाभ ले सकते हैं, जिस पर अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि स्प्री योजना नए पंजीकरण के लिए है, जबकि पुराने मामलों के लिए एमनेस्टी स्कीम लागू होगी।
ईएसआईसी एवं श्रम उप समिति के चेयरमैन प्रमोद सारस्वत ने बताया कि निगम हर माह सुविधा समागम कार्यक्रम आयोजित करता है और नियोक्ताओं से इसमें सक्रिय भागीदारी की अपील की। कार्यशाला में विभिन्न उद्योग संघों, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स, कंपनी सेक्रेटरी, नियोक्ता और कर्मचारी प्रतिनिधियों ने भाग लिया। उपस्थित प्रतिनिधियों ने योजना से संबंधित जानकारी प्राप्त की और अपनी शंकाओं का समाधान पाया।
कार्यशाला में चैम्बर अध्यक्ष परेश गट्टानी, उपाध्यक्ष राहुल साबू, ज्योति कुमारी, महासचिव आदित्य मल्होत्रा, सह-सचिव विकास विजयवर्गीय, कार्यकारिणी सदस्य मुकेश अग्रवाल, अमित शर्मा, प्रमोद सारस्वत, मनोज मिश्रा, मुकेश पांडेय, अल्तमस आलम, राजीव सहाय, अभिजीत कुंडू, विवेक सिन्हा, अरुण सिन्हा, राजेश वर्मा, कामेश्वर पांडेय, रवि कांत सहित कई नियोक्ता और प्रतिनिधि उपस्थित थे।


















