राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का झारखंड दौरा: तैयारियां पूरी, सुरक्षा चाक-चौबंद
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का झारखंड दौरा: तैयारियां पूरी, सुरक्षा चाक-चौबंद
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!रांची, 27 दिसंबर : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 28 से 30 दिसंबर तक झारखंड के तीन दिवसीय दौरे पर रहेंगी। उनके आगमन को लेकर रांची सहित पूरे राज्य में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर दिया गया है। रांची के बिरसा मुंडा एयरपोर्ट और आसपास के क्षेत्रों में नो-फ्लाई जोन लागू किया गया है, जबकि प्रमुख मार्गों पर पुलिस बल तैनात है।
जोनल आईजी, डीसी और एसएसपी ने सुरक्षा बलों की ब्रीफिंग पूरी कर ली है, ताकि किसी तरह की चूक न हो।राष्ट्रपति का दौरा आदिवासी संस्कृति और शिक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण कार्यक्रमों से भरा हुआ है। उनकी आदिवासी पृष्ठभूमि को देखते हुए यह दौरा विशेष महत्व रखता है।
राष्ट्रपति का संभावित कार्यक्रम:
28 दिसंबर (रविवार): राष्ट्रपति शाम करीब 6 बजे कर्नाटक से विशेष विमान से रांची के बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पहुंचेंगी। एयरपोर्ट से सीधे राजभवन जाएंगी, जहां रात्रि विश्राम होगा।
29 दिसंबर (सोमवार): सुबह हेलीकॉप्टर से जमशेदपुर रवाना होंगी। यहां दो प्रमुख कार्यक्रम:करंडीह स्थित दिसोम जाहेरथान में ओलचिकी लिपि (संताली भाषा की लिपि) के शताब्दी वर्ष (1925-2025) समापन समारोह में शामिल होंगी। पारंपरिक आदिवासी वेशभूषा में पूजा-अर्चना करेंगी और पंडित रघुनाथ मुर्मू की प्रतिमा पर माल्यार्पण करेंगी। संभवतः संताली में संबोधन भी देंगी।
इसके बाद NIT जमशेदपुर के 15वें दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लेंगी। शाम को रांची वापस लौटेंगी।
30 दिसंबर (मंगलवार): गुमला जिले के रायडीह प्रखंड में अंतरराज्यीय जनसांस्कृतिक समागम ‘कार्तिक जतरा 2025’ में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी। कार्यक्रम को संबोधित करेंगी और इसके बाद दिल्ली के लिए रवाना होंगी।
सुरक्षा व्यवस्था:
रांची में हाई अलर्ट घोषित है।
एयरपोर्ट से राजभवन तक के रूट पर विशेष निगरानी है। प्रमुख चौराहों पर वायरलेस सेट से लैस पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। जिला प्रशासन युद्धस्तर पर काम कर रहा है ताकि दौरा सुचारु और सुरक्षित रहे।
सुरक्षा बलों को किया गया ब्रीफ:
सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप देने के लिए रांची जोनल आईजी मनोज कौशिक और एसएसपी राकेश रंजन ने शनिवार को बड़ी संख्या में तैनात किए गए जवानों की ब्रीफिंग की. ब्रीफिंग के दौरान, जवानों को उनकी जिम्मेदारियां, राष्ट्रपति के रूट और सुरक्षा प्रोटोकॉल से जुड़ी बारीक जानकारियाँ दी गईं. यह सुनिश्चित किया गया कि सुरक्षा में किसी भी तरह की कोई चूक न हो. सुरक्षा के दृष्टिकोण से, सड़क के सभी प्रमुख चौराहों और कट्स पर पुलिसकर्मी वायरलेस सेट के साथ मुस्तैद रहेंगे.

















