प्राकृतिक खेती और श्री अन्न को बढ़ावा देने के लिए रांची में कार्यशाला, किसानों ने लिया प्राकृतिक खेती अपनाने का संकल्प

रांची: झारखंड भाजपा किसान मोर्चा के तत्वावधान में शनिवार को मोराबादी स्थित दिव्यायन कृषि विज्ञान केंद्र में प्राकृतिक खेती एवं श्री अन्न (मिलेट्स) विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष पवन साहू ने की। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में स्वामी भावेशानंद, भाजपा प्रदेश महामंत्री अमर कुमार बाउरी समेत प्रदेशभर से आए सैकड़ों किसानों ने भाग लिया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कार्यक्रम को संबोधित करते हुए स्वामी भावेशानंद ने कहा कि भारत कृषि प्रधान देश है और किसानों की समृद्धि के बिना देश के विकास की कल्पना नहीं की जा सकती। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2047 तक भारत को विश्व गुरु बनाने का लक्ष्य रखा है और यह लक्ष्य कृषि तथा अन्नदाताओं की प्रगति से ही पूरा होगा।
वहीं, भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष पवन साहू ने रासायनिक खेती के दुष्प्रभावों पर प्रकाश डालते हुए किसानों से प्राकृतिक खेती अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि रासायनिक खाद और कीटनाशकों के अत्यधिक उपयोग से मिट्टी की उर्वरा शक्ति घट रही है, उत्पादन लागत बढ़ रही है और इसका असर मानव स्वास्थ्य एवं पर्यावरण पर भी पड़ रहा है। प्राकृतिक खेती अपनाकर किसान कम लागत में बेहतर और गुणवत्तापूर्ण उत्पादन प्राप्त कर सकते हैं।
कार्यशाला में डॉ. बिसाखा सिंह ने श्री अन्न (मिलेट्स) के पोषण और स्वास्थ्य लाभों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मड़ुवा सहित अन्य मोटे अनाज कैल्शियम, आयरन, फाइबर और अन्य पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं तथा इनके नियमित सेवन से स्वास्थ्य को कई लाभ मिलते हैं।
डॉ. अजित कुमार सिंह ने प्राकृतिक खेती में गोमूत्र, गोबर, बेसन और गुड़ से तैयार जैविक घोल एवं खाद के उपयोग की विधि और उसके लाभों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि जैविक खाद मिट्टी की उर्वरा शक्ति बढ़ाने, फसल की गुणवत्ता सुधारने, उत्पादन लागत कम करने और पर्यावरण संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
कार्यक्रम में भाजपा के प्रदेश महामंत्री अर्जुन सिंह, राजेश कुशवाहा, अरबिंद्र सिंह खुराना, विनोद ठाकुर, अजय मुंडा, रांची महानगर अध्यक्ष वरुण साहू, ग्रामीण जिला पूर्वी अध्यक्ष धीरज कुमार महतो, प्रदेश मीडिया प्रभारी धर्मेंद्र सिंह समेत कई पदाधिकारी और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में किसानों ने प्राकृतिक खेती और श्री अन्न के उत्पादन को बढ़ावा देने का संकल्प लिया तथा विशेषज्ञों के सुझावों को अपने खेतों में लागू करने की प्रतिबद्धता जताई।















