झारखंड-छत्तीसगढ़ शराब घोटाले की जांच से CBI ने किया इनकार, हाईकोर्ट में पेश हुआ पत्र
झारखंड-छत्तीसगढ़ शराब घोटाले की जांच से CBI ने किया इनकार, हाईकोर्ट में पेश हुआ पत्र

रांची/रायपुर, 22 जनवरी – केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने झारखंड और छत्तीसगढ़ से जुड़े बड़े शराब घोटाले की जांच करने से इनकार कर दिया है। CBI (रायपुर) का यह आधिकारिक पत्र छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में सुनवाई के दौरान पेश किया गया, जिससे मामले की जांच की दिशा पर नया मोड़ आ गया है।
कोर्ट ने CBI के इनकार के बाद मामले की अगली सुनवाई अगले हफ्ते के लिए तय की है। यह घोटाला दोनों राज्यों में शराब नीति में कथित बदलाव, फर्जी बैंक गारंटी, अवैध कमीशन और राज्य को करोड़ों के नुकसान से जुड़ा हुआ है।
छत्तीसगढ़ में इसे लगभग 2000-4000 करोड़ रुपये का घोटाला बताया जा रहा है, जबकि झारखंड में अनुमानित नुकसान 38 से 450 करोड़ रुपये तक का है। दोनों मामलों में एक ही सिंडिकेट के संकेत मिले हैं।
CBI के इनकार का प्रभाव
CBI ने स्पष्ट रूप से जांच के लिए इच्छुक न होने की बात कही है, जिससे याचिकाकर्ताओं और विपक्षी दलों की मांग प्रभावित हुई है।
झारखंड में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) जांच जारी रखे हुए है, जहां कई गिरफ्तारियां हो चुकी हैं – जैसे IAS अधिकारी विनय कुमार चौबे, अमित प्रकाश और छत्तीसगढ़ के कारोबारी नवीन केडिया (जिन्हें हाल ही में गोवा से गिरफ्तार किया गया)।
छत्तीसगढ़ में EOW/ACB और ED जांच कर रहे हैं। ED ने अब तक 81 आरोपियों का नाम जोड़ा है और कई चार्जशीट दाखिल की हैं, जिसमें पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे चैतन्य बघेल और अन्य प्रमुख नाम शामिल हैं।
कुछ हिस्सों में CBI को पहले जांच सौंपी जाने की बात आई थी, लेकिन आज के अपडेट में CBI ने पूरी तरह इनकार कर दिया।


















