राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ: रांची में 5 वर्ष तक के बच्चों को दवा पिलाने की अपील, 30 जून तक चलेगा विशेष अभियान

रांची: राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान 2026 का शुभारंभ रविवार को रांची के सदर अस्पताल से महापौर रोशनी खलखो ने किया। इस अवसर पर विधायक सी.पी. सिंह, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा, सिविल सर्जन डॉ. प्रभात कुमार सहित कई स्वास्थ्य अधिकारी, चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ, जिसके बाद अतिथियों ने बच्चों को पोलियो की दो बूंद पिलाकर अभियान की औपचारिक शुरुआत की।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!सिविल सर्जन डॉ. प्रभात कुमार ने कहा कि भारत पिछले 14 वर्षों से पोलियो मुक्त है, लेकिन पड़ोसी देशों पाकिस्तान और अफगानिस्तान में अब भी पोलियो के मामले सामने आ रहे हैं। ऐसे में सतर्कता बनाए रखना और प्रत्येक बच्चे को समय पर पोलियो की खुराक देना बेहद जरूरी है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि 0 से 5 वर्ष तक का कोई भी बच्चा इस अभियान से वंचित न रहे।
महापौर रोशनी खलखो ने कहा कि देश को पोलियो मुक्त बनाए रखने के लिए नियमित टीकाकरण आवश्यक है। उन्होंने स्वास्थ्यकर्मियों और चिकित्सकों के समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि उनके अथक प्रयासों से ही भारत पोलियो मुक्त बन सका है। उन्होंने बताया कि सदर अस्पताल के अलावा गांवों के स्वास्थ्य केंद्रों, आंगनबाड़ी केंद्रों और आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में भी बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई जा रही है ताकि कोई भी बच्चा छूट न जाए।
विधायक सी.पी. सिंह ने कहा कि स्वास्थ्यकर्मियों की मेहनत से देश पोलियो मुक्त बना है। उन्होंने सदर अस्पताल की बेहतर होती स्वास्थ्य सेवाओं की सराहना करते हुए कहा कि अस्पताल को और मजबूत बनाने के लिए सभी को मिलकर प्रयास करना चाहिए।
एनएचएम के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा ने बताया कि वर्ष 1995 से देशभर में पल्स पोलियो अभियान चलाया जा रहा है। इस वर्ष झारखंड में करीब 61 लाख से अधिक बच्चों को 24,507 बूथों पर पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने बताया कि 28 जून को बूथ दिवस के रूप में मनाया जा रहा है, जबकि 29 और 30 जून को स्वास्थ्यकर्मी घर-घर जाकर छूटे हुए बच्चों को पोलियो की दवा पिलाएंगे। इसके अलावा रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, बाजार और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर भी विशेष टीमें तैनात की गई हैं।
राज्य नोडल पदाधिकारी डॉ. विजय किशोर रजक ने कहा कि पड़ोसी देशों में पोलियो के मामले मिलने के कारण नियमित टीकाकरण और सतर्कता आज भी जरूरी है। कार्यक्रम के अंत में जिला कार्यक्रम प्रबंधक प्रवीण कुमार सिंह ने सभी अतिथियों, स्वास्थ्यकर्मियों और मीडिया प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया।
स्वास्थ्य विभाग ने सभी अभिभावकों से आग्रह किया है कि वे 28 से 30 जून के बीच चल रहे राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के दौरान अपने 0 से 5 वर्ष तक के प्रत्येक बच्चे को पोलियो की दो बूंद अवश्य पिलाएं और पोलियो मुक्त भारत के संकल्प को मजबूत बनाने में सहयोग करें।
















