रांची : छात्रों का आंदोलन तेज, 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास घेराव का ऐलान; रविवार को सरकार का महापुतला दहन

रांची। राजधानी रांची के जयपाल सिंह स्टेडियम में अपनी मांगों को लेकर धरना दे रहे छात्रों ने आंदोलन को अब निर्णायक मोड़ पर ले जाने का ऐलान किया है। छात्रों ने सरकार के खिलाफ आंदोलन को और तेज करने की घोषणा करते हुए कहा है कि अब तक उनका आंदोलन गांधीवादी तरीके से चल रहा था, लेकिन सरकार की ओर से उनकी मांगों पर ठोस पहल नहीं होने के कारण अब आंदोलन का अगला चरण अधिक आक्रामक होगा।
धरना स्थल पर आंदोलनकारी छात्रों ने घोषणा की कि 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास का घेराव किया जाएगा। और वह तब तक सीएम हाउस से नहीं हटेंगे जब तक उनकी मांगे पूरी नहीं हो जाती। इसके साथ ही रविवार को सरकार के खिलाफ महापुतला दहन किया जाएगा। छात्रों ने कहा कि इन कार्यक्रमों के जरिए वे सरकार तक अपनी मांगों और नाराजगी को मजबूती से पहुंचाना चाहते हैं।

आंदोलन को निर्णायक चरण में ले जाने की तैयारी
जयपाल सिंह स्टेडियम में चल रहे धरने के दौरान छात्रों ने कहा कि लंबे समय से वे अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से आवाज उठा रहे हैं। छात्रों का आरोप है कि लगातार आंदोलन और मांगों के बावजूद सरकार की ओर से उनकी समस्याओं के समाधान की दिशा में अपेक्षित कदम नहीं उठाए गए हैं।
आंदोलनकारियों ने कहा कि अब सिर्फ धरने तक सीमित रहने के बजाय आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। इसी कड़ी में रविवार को सरकार का महापुतला दहन और इसके बाद 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास घेराव का कार्यक्रम तय किया गया है।

‘गांधीवादी तरीके से शुरू हुआ आंदोलन, अब भगत सिंह के रास्ते पर’
छात्रों ने अपने आंदोलन के स्वरूप को लेकर भी बड़ा बयान दिया है। आंदोलनकारियों ने कहा कि आंदोलन की शुरुआत गांधीवादी तरीके से की गई थी और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें सरकार के सामने रखी गईं। हालांकि, अब छात्रों का कहना है कि सरकार की कथित उदासीनता के कारण आंदोलन को नए चरण में ले जाना जरूरी हो गया है।
छात्रों ने कहा कि अब वे भगत सिंह के संघर्ष और साहस से प्रेरणा लेकर आंदोलन को निर्णायक रूप देंगे। हालांकि, आंदोलनकारियों ने अपने कार्यक्रमों के जरिए सरकार पर लोकतांत्रिक तरीके से दबाव बनाने की बात कही है।

20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास घेराव
छात्रों के आंदोलन का सबसे बड़ा कार्यक्रम 20 अगस्त को प्रस्तावित मुख्यमंत्री आवास घेराव होगा। आंदोलनकारियों ने इसके लिए बड़ी संख्या में छात्रों से शामिल होने की अपील की है। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री आवास घेराव के जरिए सरकार का ध्यान सीधे तौर पर छात्रों की मांगों की ओर आकर्षित किया जाएगा।
छात्र नेताओं का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर सरकार की ओर से स्पष्ट और ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि 20 अगस्त का कार्यक्रम आंदोलन की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण साबित होगा।
रविवार को सरकार का महापुतला दहन
मुख्यमंत्री आवास घेराव से पहले रविवार को सरकार का महापुतला दहन किया जाएगा। छात्रों ने इसे सरकार के खिलाफ अपने विरोध और नाराजगी के प्रतीक के तौर पर आयोजित करने की घोषणा की है।
आंदोलनकारियों के मुताबिक, महापुतला दहन के माध्यम से सरकार को यह संदेश देने की कोशिश की जाएगी कि छात्र अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने वाले नहीं हैं।

छात्रों से आंदोलन में शामिल होने की अपील
धरना दे रहे छात्रों ने राज्य के अलग-अलग हिस्सों से छात्रों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की है। छात्रों का कहना है कि उनकी लड़ाई केवल कुछ लोगों की नहीं, बल्कि उन सभी विद्यार्थियों के अधिकारों और भविष्य से जुड़ी है, जो अपनी मांगों को लेकर लंबे समय से संघर्ष कर रहे हैं।
आंदोलनकारियों ने कहा कि आने वाले दिनों में आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। फिलहाल जयपाल सिंह स्टेडियम में धरना जारी है और रविवार के महापुतला दहन के साथ आंदोलन के अगले चरण की शुरुआत होगी।
छात्रों के इस ऐलान के बाद अब 20 अगस्त को प्रस्तावित मुख्यमंत्री आवास घेराव को लेकर प्रशासन और पुलिस की तैयारियां भी महत्वपूर्ण होंगी। वहीं, छात्रों का कहना है कि सरकार यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लेती है तो आंदोलन को लेकर आगे की रणनीति पर विचार किया जा सकता है।
















