जेपीएससी विवाद पर राजद का पलटवार, कैलाश यादव बोले- भ्रष्टाचार की जननी भाजपा, सीआईडी जांच का इंतजार करें

रांची : झारखंड में 14वीं जेपीएससी परीक्षा को लेकर जारी सियासी घमासान के बीच झारखंड प्रदेश राजद के प्रवक्ता कैलाश यादव ने भाजपा और उसके वरिष्ठ नेताओं पर तीखा हमला बोला है। सोमवार को जारी प्रेस बयान में उन्होंने कहा कि जेपीएससी में कथित अनियमितताओं की जांच सीआईडी द्वारा पारदर्शी तरीके से की जा रही है और पूरी जांच प्रक्रिया पूरी होने तक इंतजार किया जाना चाहिए।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!कैलाश यादव ने भाजपा नेता एवं पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी द्वारा सीआईडी जांच पर उठाए गए सवालों को हास्यास्पद बताते हुए कहा कि राज्य में जेपीएससी के गठन और शुरुआती नियुक्तियों के दौरान सबसे अधिक विवाद भाजपा शासनकाल में सामने आए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रथम एवं द्वितीय जेपीएससी परीक्षाओं में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हुई थीं, जिनमें तत्कालीन सत्ता से जुड़े लोगों के रिश्तेदारों और प्रभावशाली व्यक्तियों को लाभ पहुंचाने के आरोप लगे थे।
राजद प्रवक्ता ने कहा कि राज्य के प्रथम मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी के कार्यकाल में जेपीएससी का गठन हुआ था और उस समय आयोग में नियुक्तियों को लेकर भी सवाल उठे थे। उन्होंने दावा किया कि उस दौर की कई नियुक्तियां और चयन प्रक्रियाएं विवादों में रही थीं, जिन पर विपक्षी दलों ने सड़क से लेकर विधानसभा तक आवाज उठाई थी।
यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश पर 14वीं जेपीएससी परीक्षा में लगे आरोपों की गहन जांच सीआईडी कर रही है। जांच के दौरान आयोग के अध्यक्ष के इस्तीफे और लगातार चल रही छापेमारी को उन्होंने जांच की गंभीरता का प्रमाण बताया।

राजद ने यह भी कहा कि पार्टी हमेशा छात्रों और युवाओं के हित में खड़ी रही है। कैलाश यादव ने कहा कि राजद जल्द ही छात्रों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने का काम करेगी। उन्होंने बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को युवाओं की आवाज बताते हुए कहा कि वे लगातार युवाओं के मुद्दों को उठाते रहे हैं।
अंत में, कैलाश यादव ने भाजपा पर जेपीएससी मुद्दे का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्ष को सीआईडी की जांच प्रक्रिया पूरी होने तक धैर्य रखना चाहिए और जांच एजेंसियों को अपना काम करने देना चाहिए।

















